पटना: Sigori News: पालीगंज अनुमंडल के सिगोड़ी थाना परिसर में एक युवक की मौत के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ के लिए थाने लाए गए तीन युवकों में से एक ने थाना परिसर के बाथरूम में गमछे का इस्तेमाल कर फंदा लगा लिया।
हालत बिगड़ने पर पुलिस उसे अनुमंडलीय अस्पताल पालीगंज ले गई, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान गया जिले के चाकंद थाना क्षेत्र निवासी अजय मांझी के रूप में हुई है। घटना के बाद वरिष्ठ अधिकारियों और एफएसएल टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की।
स्कॉर्पियो से जा रहे थे तीन युवक
पुलिस के मुताबिक, अजय मांझी अपने दो साथियों रंजन कुमार और विष्णुदयाल के साथ स्कॉर्पियो से चिकसी की ओर से आ रहा था। इसी दौरान गश्ती कर रही पुलिस की जिप्सी को देखकर तीनों के भागने की बात सामने आई।
पुलिस ने पीछा करने के बाद तीनों को पालीगंज थाना क्षेत्र में पकड़ा और पूछताछ के लिए सिगोड़ी थाना ले आई। इसके बाद तीनों को थाना परिसर के आगंतुक कक्ष में बैठाया गया था।
दो से तीन लाख रुपये के लेनदेन का था विवाद
सिगोड़ी थानाध्यक्ष तनिस पायल के अनुसार, चिकसी के ईंट-भट्ठा मालिक श्याम कुमार और शरद कुमार की ओर से अजय मांझी के खिलाफ बकाया राशि को लेकर थाने में लिखित आवेदन दिया गया था।
पुलिस के मुताबिक, मामला करीब दो से तीन लाख रुपये के लेनदेन से जुड़ा था। इसी मामले में तीनों युवकों को पूछताछ के लिए थाना लाया गया था।
बाथरूम में गमछे से लगाया फंदा
पुलिस का दावा है कि आगंतुक कक्ष में बैठाए जाने के दौरान अजय मांझी बाथरूम की ओर गया। कुछ समय बाद उसके फंदा लगाने की जानकारी मिली। पुलिसकर्मियों ने उसे नीचे उतारा और तत्काल अनुमंडलीय अस्पताल पालीगंज पहुंचाया।
इलाज के दौरान अजय की मौत हो गई। इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए एम्स भेज दिया।
एसएसपी समेत वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे थाने
घटना की जानकारी मिलते ही पटना एसएसपी कार्तिकेय शर्मा, सिटी वेस्ट एसपी संकेत कुमार और पालीगंज एसडीएम चंदन कुमार समेत अन्य अधिकारी सिगोड़ी थाना पहुंचे। अधिकारियों ने थाना परिसर का निरीक्षण किया और पुलिसकर्मियों से घटना के संबंध में जानकारी ली।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल टीम को भी बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर अलग-अलग बिंदुओं से साक्ष्य जुटाए। पुलिस घटना के पूरे क्रम और परिस्थितियों की जांच कर रही है।
दो युवकों के परिजनों ने बताया अलग घटनाक्रम
इधर, रंजन कुमार और विष्णुदयाल के परिजनों ने पुलिस के घटनाक्रम से अलग जानकारी दी है। परिजनों के अनुसार, दोनों की मुलाकात अजय मांझी से कुरवां बाजार में हुई थी।
परिजनों का कहना है कि अजय ने दोनों से जहानाबाद घूमने चलने की बात कही थी। इसके बाद दोनों उसके साथ चले गए, लेकिन अजय उन्हें जहानाबाद ले जाने के बजाय चिकसी की ओर लेकर चला आया। बाद में तीनों को पुलिस ने पकड़ लिया।
CCTV फुटेज से सामने आ सकती है पूरी तस्वीर
सिगोड़ी थाना परिसर में लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी जांच में अहम हो सकती है। फुटेज के जरिए यह पता लगाया जा सकता है कि तीनों युवकों को थाने कब लाया गया, उन्हें कहां बैठाया गया और अजय के बाथरूम जाने के बाद पुलिस द्वारा उसे अस्पताल ले जाने तक क्या घटनाक्रम हुआ।
फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। इस मामले में पुलिस का दावा और अन्य पक्षों से सामने आ रही जानकारी की जांच के बाद ही घटना की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।