50 वर्षीय गजेंद्र यादव की मौके पर मौत, बेटे पर भी धारदार हथियार से हमला; परिजनों ने पड़ोसियों पर लगाए गंभीर आरोप
अररिया। रानीगंज थाना क्षेत्र में शनिवार को बच्चों के बीच शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते खूनी वारदात में बदल गया। परिहारि पंचायत के वार्ड संख्या छह में दिनदहाड़े गोली चलने से 50 वर्षीय गजेंद्र यादव की मौत हो गई। घटना के दौरान उनका बेटा राजा यादव भी हमले में घायल हो गया।
मृतक कोशकापुर पंचायत के बैरख गांव के रहने वाले बताए गए हैं। वारदात के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल के आसपास जुट गए।
घर पर पत्थर फेंकने को लेकर शुरू हुआ मामला
मृतक की पुत्री कंचन देवी के मुताबिक शनिवार सुबह से पड़ोस के कुछ बच्चे उनके घर की ओर गिट्टी और पत्थर फेंक रहे थे। बच्चों की इस हरकत की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने अपने पिता गजेंद्र यादव और भाई राजा यादव को मामले से अवगत कराया।
बताया गया कि दोनों बच्चों को समझाने के लिए उनके घर की तरफ जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में विवाद ने गंभीर रूप ले लिया।
घर के पास पहुंचते ही चली गोली
कंचन देवी ने आरोप लगाया कि कुलानंद यादव के घर के पास पहुंचने के बाद मुकेश यादव, ललन यादव और कुछ अन्य लोगों ने गजेंद्र यादव के साथ मारपीट करते हुए गोली चला दी।
गोली लगने के बाद गजेंद्र यादव ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वहीं, उनके बेटे राजा यादव पर फरसा से हमला किए जाने की बात सामने आई है, जिसमें वह घायल हो गए।
घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। दिन के समय हुई इस वारदात से स्थानीय लोगों में भी दहशत का माहौल देखा गया।
पुलिस जांच के बाद साफ होगी वारदात की पूरी तस्वीर
घटना के पीछे बच्चों को लेकर हुआ विवाद बताया जा रहा है, लेकिन हत्या की वास्तविक वजह और वारदात में शामिल सभी लोगों की भूमिका पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
परिजनों की ओर से जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनकी भूमिका समेत घटना के अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस मामले में उपलब्ध साक्ष्यों और संबंधित लोगों से मिली जानकारी के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।