खैबर पख्तूनख्वा के दराजिंदा इलाके में अमन मेला चेकपोस्ट के पास हुआ जोरदार विस्फोट, मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
डेरा इस्माइल खान। पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में शनिवार को एक भीषण बम धमाके ने इलाके को दहला दिया। डेरा इस्माइल खान (DI Khan) जिले के दराजिंदा क्षेत्र में स्थित अमन मेला पुलिस चेकपोस्ट को निशाना बनाकर किए गए विस्फोट में कम से कम 13 लोगों की मौत की खबर है, जबकि 30 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।
मृतकों में पुलिस और सुरक्षा से जुड़े कर्मचारियों के अलावा महिलाएं और एक बच्चा भी शामिल बताया गया है।
स्थानीय अधिकारियों और राहत एजेंसी रेस्क्यू 1122 के अनुसार, धमाका इतना शक्तिशाली था कि चेकपोस्ट के आसपास का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया और कई लोग मलबे में दब गए।
घटनास्थल पर राहत और बचाव अभियान चलाया गया। घायलों को आसपास के अस्पतालों के साथ-साथ डेरा इस्माइल खान के मुफ्ती महमूद अस्पताल पहुंचाया गया।
DI खान- क्वेटा मार्ग पर हुआ विस्फोट
यह धमाका डेरा इस्माइल खान- क्वेटा मुख्य मार्ग पर अमन मेला चेकपोस्ट के पास हुआ। दराजिंदा का यह इलाका खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान की सीमा के करीब स्थित है। चेकपोस्ट पर पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों की ओर से वाहनों की जांच और सुरक्षा निगरानी की जाती थी।
धमाके के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सुरक्षा बलों ने घटनास्थल को घेर लिया और आसपास के क्षेत्र में तलाशी अभियान शुरू किया। बम निरोधक दस्ते को भी मौके पर बुलाया गया, ताकि विस्फोट में इस्तेमाल किए गए विस्फोटक और हमले के तरीके की जांच की जा सके।
मृतकों में पुलिसकर्मी, महिलाएं और बच्चा भी
रेस्क्यू अधिकारियों के मुताबिक, शुरुआती जानकारी में मृतकों में आठ पुरुष, दो महिलाएं और एक बच्चे के शामिल होने की बात सामने आई है। घायलों में पुलिसकर्मियों और सीमा शुल्क विभाग के कर्मचारियों के साथ आम नागरिक भी बताए जा रहे हैं। कुछ घायलों की हालत गंभीर होने के कारण मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका भी जताई गई है।
बचाव दल ने क्षतिग्रस्त हिस्सों और मलबे से लोगों को निकालने का काम किया। अतिरिक्त एंबुलेंस और राहतकर्मियों को भी घटनास्थल पर भेजा गया।
आत्मघाती हमले का शक, जांच में जुटी एजेंसियां
शुरुआती रिपोर्टों में इस घटना को आत्मघाती हमला बताया गया है। कुछ स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, विस्फोटकों से लदे वाहन को चेकपोस्ट से टकराया गया था। हालांकि हमले की पूरी परिस्थितियों और विस्फोटक की प्रकृति की आधिकारिक जांच अभी जारी है।
हमले की जिम्मेदारी को लेकर भी अलग-अलग रिपोर्टें सामने आई हैं। कुछ रिपोर्टों में प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) द्वारा जिम्मेदारी लेने की बात कही गई है। इसे लेकर अंतिम आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
खैबर पख्तूनख्वा में लगातार बढ़ रही हिंसा
डेरा इस्माइल खान और आसपास का इलाका लंबे समय से आतंकवादी हमलों और सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ों के कारण संवेदनशील रहा है। हाल के दिनों में भी इस क्षेत्र में सुरक्षा बलों और पुलिस प्रतिष्ठानों को निशाना बनाने की घटनाएं सामने आई हैं।
इसी महीने दराबां इलाके में पुलिस ने एक संदिग्ध हमले को नाकाम करने का दावा किया था। इसके बावजूद अमन मेला चेकपोस्ट पर हुआ यह विस्फोट सुरक्षा व्यवस्था के सामने एक और गंभीर चुनौती के तौर पर देखा जा रहा है।
फिलहाल सुरक्षा बलों ने इलाके की घेराबंदी कर दी है और जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि हमलावर चेकपोस्ट तक कैसे पहुंचा और हमले के लिए किस तरह के विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया।
घायलों के इलाज और मलबे में किसी अन्य व्यक्ति के फंसे होने की आशंका को देखते हुए राहत अभियान जारी है।