कोलंबो। ऋषभ पंत ने एक बार फिर साबित कर दिया कि वह भारतीय टेस्ट क्रिकेट में विकेटकीपर बल्लेबाज के रूप में कितने खास हैं। श्रीलंका के खिलाफ कोलंबो टेस्ट में 63 रन बनाते ही पंत ने विदेशी और न्यूट्रल मैदानों पर 2,500 टेस्ट रन पूरे कर लिए। इसके साथ ही उन्होंने एमएस धोनी को पीछे छोड़ते हुए एक नया भारतीय रिकॉर्ड बना दिया।
42 के औसत से बनाए हैं रन
विदेशी परिस्थितियों में बल्लेबाजी करना किसी भी खिलाड़ी के लिए चुनौतीपूर्ण माना जाता है। ऐसे में पंत का रिकॉर्ड और भी खास हो जाता है।
उन्होंने विदेशी या न्यूट्रल वेन्यू पर टेस्ट क्रिकेट में करीब 42 के औसत से 2,500 से ज्यादा रन बनाए हैं। धोनी के नाम इस तरह के मुकाबलों में 2,496 रन थे और उनका औसत 32.84 रहा था।
ऋषभ पंत की तेज तरक्की का एक और सबूत
पंत ने अभी तक अपने टेस्ट करियर में 52 मैच खेले हैं और 3,725 रन बना चुके हैं। दूसरी ओर धोनी ने 90 टेस्ट मैचों के करियर में 4,876 रन बनाए थे।
आंकड़े बताते हैं कि पंत कम मैचों में ही धोनी के करियर के आंकड़ों के करीब पहुंच चुके हैं। उनके नाम अब तक 8 टेस्ट शतक और 21 अर्धशतक हैं।
चोट के बाद मैदान पर लौटे और कर दिया कमाल
कोलंबो टेस्ट में पंत के लिए शुरुआत आसान नहीं रही। मैच के पहले दिन हाथ में चोट लगने के कारण उन्हें रिटायर्ड हर्ट होना पड़ा था।
लेकिन दूसरे दिन उन्होंने वापसी की और 63 रन बनाकर न सिर्फ टीम को योगदान दिया, बल्कि एमएस धोनी के ऐतिहासिक रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया।
भारतीय विकेटकीपरों की सूची में पंत सबसे आगे
विदेशी या न्यूट्रल मैदानों पर टेस्ट रन बनाने के मामले में अब पंत भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाजों में नंबर एक पर हैं।
एमएस धोनी 2,496 रन के साथ दूसरे स्थान पर हैं। उनके बाद फारुख इंजीनियर के 1,209 और सैयद किरमानी के 1,109 रन हैं।