Begusarai News: बेगूसराय के बलिया थाना क्षेत्र में गंगा नदी के बाढ़ के पानी ने दो परिवारों की खुशियां छीन लीं। सनहा-गोदरगामा बांध के पास चेचियाही ढाब में गुरुवार को नहाने के दौरान चाचा और भतीजे की डूबने से मौत हो गई। दोनों की उम्र 18 वर्ष थी और इसी साल मैट्रिक की परीक्षा पास की थी। घटना के बाद पंचवीर गांव में मातम पसरा है।
साइकिल धोते समय गहरे पानी में फिसले
मृतकों की पहचान साहेबपुर कमाल थाना क्षेत्र के पंचवीर वार्ड संख्या सात निवासी अमित कुमार और सोहन कुमार के रूप में हुई है। दोनों रिश्ते में चाचा-भतीजे थे।
जानकारी के मुताबिक, दोनों गुरुवार को साइकिल से चेचियाही ढाब के पास पहुंचे थे। गंगा के बाढ़ के पानी में स्नान करने के दौरान वे अपनी साइकिल भी पानी में ले जाकर धोने लगे।

इसी दौरान साइकिल अचानक फिसलकर गहरे पानी की तरफ चली गई। उसे वापस निकालने की कोशिश में दोनों किशोर भी गहरे पानी में चले गए और तेज बहाव की चपेट में आकर डूब गए।
स्थानीय लोगों ने बचाने की कोशिश की
हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। आसपास मौजूद लोगों ने दोनों को बचाने के लिए पानी में उतरकर तलाश शुरू की, लेकिन तब तक दोनों गहरे पानी में समा चुके थे।
बाद में स्थानीय तैराकों ने काफी मशक्कत के बाद दोनों के शव पानी से बाहर निकाले। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जुट गई।
एक साथ दो मौत से गांव में पसरा मातम
अमित अपने चार भाइयों में सबसे छोटे थे, जबकि सोहन तीन भाइयों में सबसे छोटे थे। दोनों की मौत की खबर जैसे ही परिवार और गांव तक पहुंची, स्वजन में कोहराम मच गया।
दोनों ने इसी वर्ष मैट्रिक पास किया था। परिवार के लिए यह हादसा इसलिए भी बेहद पीड़ादायक है क्योंकि कम उम्र में ही दोनों की जिंदगी खत्म हो गई।
सीमा क्षेत्र होने के कारण दोनों थानों की पुलिस पहुंची
घटना की सूचना मिलने के बाद बलिया थानाध्यक्ष शैलेंद्र कुमार और सीओ आकाश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। मामला सीमा क्षेत्र से जुड़ा होने के कारण साहेबपुर कमाल थाना की पुलिस और अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे।
प्रशिक्षु आइएएस सह बलिया एसडीएम अजय यादव ने भी मौके का जायजा लिया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बेगूसराय भेज दिया।
बाढ़ के पानी में बढ़ा जोखिम
यह हादसा ऐसे समय हुआ है जब बेगूसराय के बलिया क्षेत्र में गंगा के जलस्तर में फिर बढ़ोतरी से बाढ़ का खतरा बना हुआ है। 1 अक्टूबर की रिपोर्टों में भी बलिया क्षेत्र के शिवनगर में गंगा का पानी पहुंचने और लोगों की परेशानी बढ़ने की जानकारी सामने आई है।
ऐसे में बाढ़ के तेज बहाव और गहराई वाले पानी में उतरना जोखिम भरा साबित हो सकता है। चेचियाही ढाब की घटना ने एक बार फिर बाढ़ प्रभावित इलाकों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।