अररिया | फुलकाहा | बिहार
बिहार के अररिया जिले में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में दो महिलाओं की डूबने से मौत हो गई। नरपतगंज प्रखंड के फुलकाहा थाना क्षेत्र अंतर्गत मानिकपुर वार्ड संख्या 13 में खेत में घास काटने जा रही महिलाएं बलुआही धार पार कर रही थीं। इसी दौरान पानी का बहाव और गहराई अधिक होने के कारण दो महिलाएं डूब गईं। घटना के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है।
धार पार करने के दौरान हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे आधे दर्जन महिलाएं घास काटने के लिए खेत की ओर जा रही थीं। रास्ते में पड़ने वाली बलुआही धार को पार करते समय दो महिलाएं गहरे पानी में डूब गईं। उनके साथ मौजूद अन्य महिलाओं ने शोर मचाकर आसपास के लोगों को मदद के लिए बुलाया।
आवाज सुनकर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद दोनों महिलाओं को पानी से बाहर निकाला। इसके बाद उन्हें तत्काल स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया।
मृतकों की पहचान, गांव में पसरा मातम
हादसे में जान गंवाने वाली महिलाओं की पहचान अमरोली वार्ड संख्या 13 निवासी 30 वर्षीय अर्चना देवी, पत्नी कुंदन यादव, और इसी वार्ड की 35 वर्षीय अड़हुल देवी, पत्नी अरुण यादव के रूप में हुई है।
दो महिलाओं की मौत की खबर से गांव में शोक का माहौल है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।मौके पर पहुंची पुलिस, पोस्टमार्टम की प्रक्रियाघटना की सूचना मिलने के बाद फुलकाहा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थानाध्यक्ष विकास कुमार मौर्य ने घटनास्थल का जायजा लेकर मामले की जांच-पड़ताल की। पुलिस दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया में जुटी है।
चचरी पुल नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगीस्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक, बलुआही धार पर हर साल अस्थायी चचरी पुल बनाया जाता था, जिससे लोगों को धार पार करने में सहूलियत होती थी। हालांकि, इस बार समय के अभाव में चचरी पुल नहीं बनाया जा सका।
ग्रामीणों का कहना है कि इस स्थान पर स्थायी पुल निर्माण की मांग सांसद और विधायक से कई बार की जा चुकी है, लेकिन अब तक इस दिशा में ठोस पहल नहीं हुई। ग्रामीणों ने आशंका जताई कि यदि यहां पुल होता, तो शायद इस हादसे को टाला जा सकता था।फिलहाल, दो महिलाओं की मौत के बाद इलाके में शोक के साथ-साथ नदी-धार पर सुरक्षित आवागमन की व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।