- मुस्लिम समाज की शैक्षणिक, सामाजिक एवं आर्थिक स्थिति जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श
- देश में मुस्लिम समाज के सामने शिक्षा, रोजगार और सामाजिक-आर्थिक विकास से जुड़ी कई चुनौतियां: इंजीनियर टीपू
बिहारशरीफ: परमवीर चक्र विजेता एवं देश के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले महान वीर सपूत शहीद वीर अब्दुल हमीद की शहादत को नमन करने के उद्देश्य से 10 सितंबर 2026 को टाउन हॉल में एकता मिशन के तहत विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस कार्यक्रम में कांग्रेस के जिलाध्यक्ष सहित कई कांग्रेसी भी शामिल हुए। कार्यक्रम में वीर अब्दुल हमीद की देशभक्ति, अदम्य वीरता एवं शहादत को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
साथ ही सच्चर कमिटी रिपोर्ट की सिफारिशों के प्रभावी क्रियान्वयन, शिक्षा, रोजगार, सामाजिक न्याय तथा मुस्लिम समाज की शैक्षणिक, सामाजिक एवं आर्थिक स्थिति जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।
इस कार्यक्रम की विशेष बात यह रही कि आज एकता मिशन में हर समाज और विभिन्न राजनीतिक दलों से जुड़े लोग एकजुट होकर शामिल हुए।
सभी ने वीर अब्दुल हमीद की शहादत को नमन करते हुए देश में आपसी भाईचारा, एकता और सामाजिक सौहार्द को मजबूत करने का संदेश दिया। कार्यक्रम में विभिन्न विचारधाराओं के लोगों की सहभागिता ने यह संदेश दिया कि देशहित और सामाजिक एकता के मुद्दों पर सभी को मिलकर आगे बढ़ना चाहिए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए इंजीनियर टीपू ने कहा कि देश में मुस्लिम समाज के सामने शिक्षा, रोजगार और सामाजिक-आर्थिक विकास से जुड़ी कई चुनौतियां हैं।
सच्चर कमिटी की सिफारिशों को गंभीरता से लागू किया जाना चाहिए। देश के विकास के लिए जरूरी है कि हर जाति और हर धर्म के लोगों को समान अवसर, बेहतर शिक्षा और रोजगार मिले। जब समाज का हर वर्ग आगे बढ़ेगा, तभी देश सही मायने में मजबूत और विकसित बनेगा। मंच संचालन रमेश पासवान ने किया।
नालंदा जिला कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष विवेक सिन्हा यादव ने कहा कि देश में नफरत की जगह मोहब्बत और भाईचारे की भावना को मजबूत करने की जरूरत है। समाज के सभी वर्गों को साथ लेकर चलने से ही देश की एकता और लोकतंत्र मजबूत होगा। उन्होंने कहा कि मोहब्बत की दुकान का संदेश देश के कोने-कोने तक पहुंचना चाहिए।
असगर भारती ने कहा कि वीर अब्दुल हमीद शहादत दिवस का आयोजन लंबे समय से किया जाता रहा है और आगे भी इसे पूरी श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाया जाता रहेगा।
उन्होंने कहा कि आज इस मंच से जो संदेश दिया गया है, वह पूरे देश में एकता, भाईचारे, शिक्षा और सामाजिक न्याय का सकारात्मक संदेश देगा।
कार्यक्रम के माध्यम से समाज के जायज़ मुद्दों एवं अधिकारों की आवाज़ को लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से मजबूती के साथ सरकार तक पहुंचाने का संकल्प लिया गया।
कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों से जुड़े लोग, सामाजिक कार्यकर्ता, बुद्धिजीवी, हर पार्टी के कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
इस मौके पर कलिम खान, सज्जाद शाह, मोनि ऊर् साहब, अकबर खान, मीर अरसद हुसैन, उस्मान गणि, मंटू, मोहम्मद सगिर, मोहम्मद टिंकू, मोहम्मद मुख्तार, हसन, जमाल, विमल, जहांगीर, रीना राज, मंजू कुमारी, ममता, सुनीता मौजूद रहे।