अड्डा नंबर दो की सड़क डूबी, IPS बंद होने से सीवरेज संकट; रिविलगंज के निचले इलाकों में 100 से अधिक घर प्रभावित
छपरा: सरयू नदी के बढ़ते जलस्तर ने अब छपरा शहर से सटे निचले इलाकों में चिंता बढ़ा दी है। गुरुवार को अड्डा नंबर दो की सड़क पर बाढ़ का पानी चढ़ गया, जिससे आवागमन प्रभावित होने लगा है। शहर की सीमा तक पानी पहुंचने के बाद आसपास के इलाकों में रहने वाले लोगों को शहर में बाढ़ का पानी प्रवेश करने की आशंका सताने लगी है।
सरयू के बढ़ते पानी का असर शहर की सीवरेज व्यवस्था पर भी पड़ा है। नमामि गंगे योजना का इंटरमीडिएट पंपिंग स्टेशन (IPS) पानी बढ़ने के कारण बंद हो गया है। इससे शहर के सीवरेज का पानी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) तक पहुंचाने में परेशानी हो रही है।
स्थिति को देखते हुए नगर निगम ने रूपगंज के पास तीन पंपिंग सेट लगाए हैं, ताकि सीवरेज का पानी बाहर निकालकर शहर में जलजमाव की स्थिति को नियंत्रित किया जा सके।
अड्डा नंबर दो की सड़क पर चढ़ा सरयू का पानी
सरयू नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से छपरा शहर से सटे निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। अड्डा नंबर दो के पास सड़क पर पानी पहुंचने से लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, यदि नदी का जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो अगले एक-दो दिनों में सोनारपट्टी मोहल्ले की ओर से शहर में पानी प्रवेश करने का खतरा बढ़ सकता है। इससे शहर के अन्य निचले हिस्सों में भी परेशानी बढ़ने की आशंका है।
स्लुइस गेट बंद, IPS के बंद होने से बढ़ी परेशानी
सरयू के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नगर निगम ने सुरक्षा के मद्देनजर पिछले दिनों स्लुइस गेट बंद कर दिया था। अब इंटरमीडिएट पंपिंग स्टेशन के बंद होने से सीवरेज व्यवस्था पर भी असर पड़ा है।
हालांकि, नगर निगम ने वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर रूपगंज के पास तीन पंपिंग सेट लगाए हैं। इनके जरिए सीवरेज के पानी को बाहर निकालने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि शहर में जलजमाव की स्थिति को नियंत्रित रखा जा सके।
दिलिया रहीमपुर के कई गांवों में पहुंचा बाढ़ का पानी
इधर, रिविलगंज प्रखंड की दिलिया रहीमपुर पंचायत में गुरुवार को बाढ़ का पानी और आगे बढ़ गया। पंचायत के कई निचले हिस्से पानी की चपेट में आ गए हैं।
इन इलाकों में पानी पहुंचने की बात सामने आई है—
- नेताजी टोला
- धर्मशाला
- रूपगंज के निचले हिस्से
- रावल टोला
- नई बस्ती
इन इलाकों में रहने वाले लोगों की दिनचर्या बुरी तरह प्रभावित हो गई है। कई परिवार जरूरी सामान लेकर घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाने को मजबूर हैं।
फसलें डूबीं, घरों के चारों तरफ पानी
बाढ़ के पानी से इन इलाकों में लगी फसलों को भी नुकसान पहुंचा है। कई जगहों पर घरों के चारों तरफ पानी जमा है। पंचायत के विभिन्न हिस्सों में 100 से अधिक घर बाढ़ से प्रभावित बताए जा रहे हैं।
लगातार बढ़ते जलस्तर ने स्थानीय लोगों की चिंता और बढ़ा दी है। ग्रामीणों को डर है कि यदि सरयू का पानी इसी तरह बढ़ता रहा तो आने वाले दिनों में और इलाकों में पानी फैल सकता है।