25 सितंबर से 10 अक्टूबर तक गयाजी में पितृपक्ष मेला, श्रद्धालुओं के लिए 5 तरह के पिंडदान पैकेज; परिवहन, पूजा सामग्री, पंडित सेवा, भोजन और होटल की सुविधा एक ही पैकेज में
पटना, 14 सितंबर 2026। पितरों के मोक्ष और तर्पण के लिए गयाजी जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए इस बार बिहार पर्यटन ने यात्रा को आसान और व्यवस्थित बनाने की तैयारी की है। पितृपक्ष मेला-2026 के लिए बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम (BSTDC) ने विशेष पिंडदान पर्यटन पैकेज जारी किए हैं। इन पैकेजों में सिर्फ गयाजी पहुंचने और लौटने की सुविधा ही नहीं, बल्कि पिंडदान अनुष्ठान, पंडा-पुजारी की सेवाएं, पूजन सामग्री, भोजन, होटल और स्थानीय परिवहन को भी शामिल किया गया है।
25 सितंबर से 10 अक्टूबर 2026 तक चलने वाले पितृपक्ष मेले में देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के गयाजी पहुंचने की संभावना है। श्रद्धालु अपनी जरूरत और बजट के अनुसार एक दिवसीय से लेकर एक रात-दो दिवसीय पैकेज चुन सकेंगे। खास बात यह है कि जो लोग किसी कारण गयाजी नहीं पहुंच सकते, उनके लिए भी ऑनलाइन ई-पिंडदान की सुविधा उपलब्ध कराई गई है।
₹11,250 से शुरू होगा गयाजी का पिंडदान पैकेज
बिहार पर्यटन की ओर से जारी पांच पैकेजों में सबसे किफायती विकल्प पैकेज-सी है। इसमें गयाजी रेलवे स्टेशन, गया एयरपोर्ट या 15 किलोमीटर के दायरे में स्थित पूजा स्थल से श्रद्धालुओं के लिए पिकअप और ड्रॉप की सुविधा होगी।
इसमें फल्गु नदी पर तर्पण, विष्णुपद मंदिर में पिंडदान और अक्षयवट पर पिंडदान की व्यवस्था के साथ पंडाजी की सेवा, पिंडदान शुल्क, पूजन सामग्री, आवास और शाकाहारी दोपहर का भोजन शामिल है। होटल की श्रेणी और एक से चार यात्रियों की संख्या के अनुसार इसकी कीमत ₹11,250 से ₹25,250 तक निर्धारित की गई है।
पटना से गयाजी और पुनपुन तक का पैकेज भी
पटना से पितृपक्ष अनुष्ठान के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए पैकेज-ए तैयार किया गया है। इसके तहत पटना से पिकअप कर पुनपुन घाट और फिर गयाजी ले जाया जाएगा। पिंडदान के बाद श्रद्धालुओं को पटना वापस पहुंचाया जाएगा।
पटना शहर के 10 किलोमीटर क्षेत्र, पटना रेलवे स्टेशन अथवा पटना एयरपोर्ट से परिवहन की सुविधा दी जाएगी। श्रद्धालुओं के लिए सेडान या हैचबैक कार उपलब्ध होगी। पुनपुन घाट पर पिंडदान के बाद गयाजी में फल्गु नदी, विष्णुपद मंदिर और अक्षयवट पर पिंडदान की सुविधा मिलेगी।
इसमें होटल और शाकाहारी दोपहर का भोजन भी शामिल है। पैकेज की कीमत ₹14,550 से ₹30,650 तक है।
पिंडदान के साथ राजगीर-नालंदा घूमने का मौका
जो श्रद्धालु पिंडदान के साथ बिहार के प्रमुख पर्यटन स्थलों का भ्रमण भी करना चाहते हैं, उनके लिए पैकेज-बी और पैकेज-ई खास हैं।
पैकेज-बी में पटना से पुनपुन घाट, गयाजी के बाद राजगीर और नालंदा का भ्रमण कराया जाएगा। श्रद्धालुओं को राजगीर के विश्व शांति स्तूप और नालंदा के प्राचीन अवशेष देखने का अवसर मिलेगा। इसमें आवास के साथ शाकाहारी नाश्ता, दोपहर और रात का भोजन भी शामिल है। इसकी कीमत ₹18,850 से ₹40,700 तक है।
वहीं, पैकेज-ई में गयाजी के साथ राजगीर और नालंदा का भ्रमण शामिल है। इसकी कीमत ₹16,550 से ₹32,850 तक निर्धारित की गई है। हालांकि स्मारकों और पर्यटन स्थलों के प्रवेश टिकट इन पैकेजों में शामिल नहीं हैं।
देर रात और सुबह पिंडदान करने वालों के लिए अलग पैकेज
पितृपक्ष में कई श्रद्धालु देर रात, सुबह या संध्या के समय धार्मिक अनुष्ठान करना पसंद करते हैं। ऐसे श्रद्धालुओं के लिए पैकेज-डी तैयार किया गया है।
इसमें गया रेलवे स्टेशन, गया एयरपोर्ट अथवा पूजा स्थल से पिकअप-ड्रॉप, सेडान या हैचबैक कार, होटल में ठहरने की सुविधा तथा शाकाहारी दोपहर और रात का भोजन शामिल है। श्रद्धालुओं को फल्गु नदी पर तर्पण, विष्णुपद मंदिर और अक्षयवट पर पिंडदान की सुविधा मिलेगी।
इस पैकेज की कीमत ₹16,000 से ₹39,500 तक है।
गयाजी नहीं पहुंच पाए तो घर से कराएं ई-पिंडदान
पितृपक्ष मेले की सबसे अहम सुविधाओं में ऑनलाइन ई-पिंडदान पैकेज भी शामिल है। ऐसे श्रद्धालु जो व्यक्तिगत रूप से गयाजी नहीं पहुंच सकते, वे ऑनलाइन माध्यम से पिंडदान अनुष्ठान करा सकेंगे।
ई-पिंडदान की कुल कीमत ₹23,000, जीएसटी सहित निर्धारित की गई है। इसके तहत विष्णुपद मंदिर, अक्षयवट और फल्गु नदी पर पिंडदान अथवा तर्पण कराया जाएगा। पंडित/पुरोहित की सेवा, पूजन सामग्री, दक्षिणा और संपूर्ण धार्मिक अनुष्ठान की वीडियो रिकॉर्डिंग भी पैकेज में शामिल है।
अनुष्ठान की वीडियो रिकॉर्डिंग श्रद्धालु को पेन ड्राइव के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएगी। यानी श्रद्धालु स्वयं गयाजी में मौजूद न होकर भी निर्धारित विधि-विधान के अनुसार अपने पितरों का तर्पण करा सकेंगे।
ऑनलाइन कैसे करें बुकिंग?
श्रद्धालु बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम की वेबसाइट पर जाकर पितृपक्ष मेला-2026 के लिए उपलब्ध पैकेजों की बुकिंग कर सकते हैं। पैकेज की कीमत यात्रियों की संख्या और होटल की श्रेणी के अनुसार अलग-अलग है।
बुकिंग और जानकारी के लिए:
वेबसाइट: https://bstdc.bihar.gov.in/Pitripaksha/
हेल्पलाइन: 8544418408, 8294307690
Dinman Times की नजर में
पितृपक्ष सिर्फ एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि गया की सदियों पुरानी आध्यात्मिक परंपरा से जुड़ा एक बड़ा अवसर है। हर साल देश के अलग-अलग हिस्सों से लोग अपने पूर्वजों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने गयाजी पहुंचते हैं। ऐसे में परिवहन, आवास, पूजा सामग्री और पंडित सेवा को एकीकृत पैकेज में उपलब्ध कराने की पहल श्रद्धालुओं के लिए यात्रा को अधिक सुविधाजनक बना सकती है। खासकर ई-पिंडदान की सुविधा उन लोगों के लिए महत्वपूर्ण विकल्प है, जो दूरी, उम्र या अन्य कारणों से गयाजी नहीं आ सकते।



