एक्सपायरी सामग्री, गंदगी और खाद्य सुरक्षा नियमों में मिलीं खामियां; The Cake’s Delight में 13,500 रुपये की सामग्री नष्ट, The Cake Boss से 4,450 रुपये की सामग्री जब्त। कई प्रतिष्ठानों को 14 दिन में सुधार का निर्देश।
पटना, 24 अक्टूबर। केक, पेस्ट्री और ब्राउनी की दुकानें बाहर से जितनी आकर्षक दिखती हैं, वहां खाद्य सामग्री की सुरक्षा भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। पटना में खाद्य सुरक्षा विभाग के निरीक्षण के दौरान बेकरी और खाद्य प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई, भंडारण और खाद्य सुरक्षा मानकों से जुड़ी कई कमियां सामने आईं। कहीं एक्सपायरी सामग्री रखी मिली, कहीं कीटों की मौजूदगी और गंदे कंटेनरों की समस्या सामने आई, तो कहीं केक पर निर्माण तिथि और इस्तेमाल की अंतिम तारीख ही अंकित नहीं थी।
खाद्य संरक्षा आयुक्त कुमार रवि के निर्देश पर की गई कार्रवाई में विभाग ने एक्सपायरी और अनुपयुक्त खाद्य सामग्री को मौके पर नष्ट कराया, खाद्य नमूने लिए और संबंधित कारोबारियों को सुधार के निर्देश दिए। गंभीर अनियमितताओं के मामले में The Cake’s Delight का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर विनिर्माण कार्य बंद रखने का निर्देश दिया गया है। वहीं, Winni Retails Pvt. Ltd. को तीन दिनों तक बंद रखने को कहा गया है। अन्य प्रतिष्ठानों को भी कमियां दूर करने के लिए नोटिस जारी किए गए हैं।
यह कार्रवाई कारोबारियों को नियमों का पालन कराने के साथ उपभोक्ताओं की सेहत की सुरक्षा के लिहाज से भी महत्वपूर्ण है। दुकानों से खरीदी जाने वाली खाद्य सामग्री सीधे लोगों और उनके परिवारों की सेहत से जुड़ी होती है। इसलिए सिर्फ स्वाद, कीमत और सजावट ही नहीं, बल्कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, सुरक्षित भंडारण और दुकान की साफ-सफाई पर भी ध्यान देना जरूरी है।

The Cake’s Delight का लाइसेंस निलंबित, 13,500 रुपये की एक्सपायरी सामग्री नष्ट
जक्कनपुर थाना क्षेत्र के न्यू बिग्रहपुर ढलाई रोड स्थित The Cake’s Delight में निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई और खाद्य सामग्री के भंडारण की व्यवस्था असंतोषजनक पाई गई। विभाग के अनुसार, प्रतिष्ठान में खाद्य लाइसेंस प्रदर्शित नहीं किया गया था। कारखाने, किचन, स्टोर और ड्रेनेज की सफाई में कमियां थीं। शौचालय की व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं मिली।
निरीक्षण के दौरान लूज चीज और चोको ड्राई केक के नमूने लिए गए। इसके अलावा प्रतिष्ठान में बड़ी मात्रा में एक्सपायरी खाद्य सामग्री मिली, जिसे जनस्वास्थ्य के हित में मौके पर नष्ट कराया गया।
नष्ट की गई सामग्री में डोनट प्रीमिक्स पाउडर, मोर्डे व्हाइट कंपाउंड, स्ट्रॉबेरी फ्लेवर्ड कंपाउंड, मिल्क कंपाउंड, डार्क चॉकलेट, डार्क कंपाउंड, डार्क गनाश, फ्रूट कॉकटेल, ग्लूटेन पाउडर, टोमैटो केचप, शुगर पेस्ट, पनीर और लूज केक सहित अन्य खाद्य सामग्री शामिल थी। इसकी अनुमानित कीमत करीब 13,500 रुपये बताई गई है।
खाद्य सुरक्षा मानकों के गंभीर उल्लंघन को देखते हुए विभाग ने प्रतिष्ठान का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर विनिर्माण कार्य बंद रखने का निर्देश दिया। खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 32 के तहत सुधार नोटिस भी जारी किया गया है। प्रतिष्ठान को कमियां दूर करने के लिए 14 दिनों का समय दिया गया है। निर्धारित अवधि में सुधार का प्रमाण प्रस्तुत नहीं करने पर लाइसेंस का निलंबन जारी रखने और नियमानुसार उसे रद्द करने की कार्रवाई की जा सकती है।

The Cake Boss में 4,450 रुपये की खाद्य सामग्री जब्त
आनंदपुर, बोरिंग कैनाल रोड, एस.के. पुरी स्थित The Cake Boss में भी खाद्य सुरक्षा विभाग को स्वच्छता और भंडारण से जुड़ी कमियां मिलीं। निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान में काम करने वाले कर्मचारियों के मेडिकल फिटनेस प्रमाणपत्र प्रस्तुत नहीं किए गए। खाद्य पदार्थों के निर्माण और भंडारण के लिए उचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की जरूरत भी पाई गई।
विभाग ने निरीक्षण के दौरान करीब 4,450 रुपये मूल्य की खाद्य सामग्री जब्त की। इसमें केक बेस, स्ट्रॉबेरी कलर और अन्य खाद्य सामग्री शामिल थी।
प्रतिष्ठान को साफ-सुथरा वातावरण बनाए रखने और खाद्य पदार्थों के निर्माण तथा भंडारण के लिए अलग-अलग स्थानों की व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही, खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए जरूरी सुधार करने को कहा गया है।
Winni Retails में कीट, एक्सपायरी कच्चा माल और गंदे कंटेनर
पटना सदर के बड़ी पहाड़ी, वार्ड संख्या 56 में इंडियन ऑयल अलोक पेट्रोल पंप और स्टार हॉस्पिटल के निकट स्थित Winni Retails Pvt. Ltd. में निरीक्षण के दौरान कई कमियां सामने आईं। विभाग के मुताबिक, परिसर में कीटों की मौजूदगी और खुला कूड़ेदान मिला। कर्मचारियों की मेडिकल रिपोर्ट उपलब्ध नहीं थी और व्यक्तिगत स्वच्छता भी निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई।

भंडारण की जांच में एक्सपायरी कच्चा माल, गंदे कंटेनर और खाद्य तथा गैर-खाद्य सामग्री एक साथ रखे जाने की स्थिति सामने आई। प्लास्टिक के खाद्य कंटेनरों की साफ-सफाई भी संतोषजनक नहीं थी। इसके अलावा एल्युमिनियम के बर्तनों के इस्तेमाल, खाद्य सामग्री के भंडारण में FIFO यानी ‘पहले आया, पहले इस्तेमाल’ के नियम का पालन नहीं करने और डीप फ्रीजर के तापमान की लॉगबुक उपलब्ध नहीं होने जैसी कमियां दर्ज की गईं।
निरीक्षण के दौरान लूज चॉकलेट फ्लेवर्ड केक मिक्स का नमूना लिया गया। वहीं, एक्सपायरी और अनुपयुक्त खाद्य सामग्री को मौके पर नष्ट कराया गया। इसमें करीब पांच किलोग्राम ब्राउनी प्री-मिक्स, तीन किलोग्राम इस्तेमाल की गई क्रीम, पांच ब्रेड/केक तथा टोफू और दही सहित अन्य सामग्री शामिल थी।
खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने के लिए विभाग ने प्रतिष्ठान को तत्काल प्रभाव से तीन दिनों तक बंद रखने का निर्देश दिया है। साथ ही, परिसर की समुचित सफाई, ढक्कन वाले कूड़ेदान का इस्तेमाल, कीट नियंत्रण, खाद्य और गैर-खाद्य सामग्री को अलग-अलग रखने तथा भंडारण व्यवस्था में सुधार करने को कहा गया है।
प्रतिष्ठान को सुधार नोटिस जारी कर 14 दिनों के भीतर कमियां दूर करने और अनुपालन का प्रमाण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। ऐसा नहीं करने पर लाइसेंस निलंबित या रद्द करने की कार्रवाई की जा सकती है।

Laxmi Enterprises में केक पर निर्माण और इस्तेमाल की अंतिम तारीख नहीं
बेली रोड पर शेखपुरा मिडिल स्कूल के निकट लक्ष्मी कॉम्प्लेक्स की पहली मंजिल पर संचालित Laxmi Enterprises में भी खाद्य सुरक्षा नियमों से जुड़ी कमियां मिलीं। निरीक्षण के दौरान कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं थे। खाद्य लाइसेंस निर्धारित तरीके से प्रदर्शित नहीं किया गया था और लाइसेंस में आवश्यक संशोधन भी लंबित पाया गया।
निरीक्षण में केक पर निर्माण तिथि यानी Manufacturing Date और इस्तेमाल की अंतिम तिथि यानी Use By Date अंकित नहीं मिली।
खाद्य पदार्थों पर जरूरी तारीखों और अन्य जानकारी का स्पष्ट होना उपभोक्ताओं के लिए महत्वपूर्ण है। इससे उन्हें उत्पाद के इस्तेमाल से संबंधित जानकारी मिलती है और वे खरीदारी करते समय बेहतर फैसला ले सकते हैं।
इन कमियों को देखते हुए प्रतिष्ठान को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 32 के तहत सुधार नोटिस जारी किया गया है। उसे 14 दिनों के भीतर कमियां दूर करने और 15वें दिन अनुपालन का प्रमाण संबंधित कार्यालय में प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। निर्धारित समय में सुधार का प्रमाण नहीं देने पर लाइसेंस निलंबित करने और नियमानुसार रद्द करने की कार्रवाई की जा सकती है।

Monginis के प्रतिष्ठान का भी उल्लेख, स्वच्छता संबंधी कमियों पर नोटिस
प्रेस विज्ञप्ति के एक शीर्षक में Monginis के प्रतिष्ठान में निरीक्षण के दौरान स्वच्छता संबंधी खामियां मिलने की जानकारी दी गई है। इसमें बिना ढक्कन वाला डस्टबिन और अस्वच्छ शौचालय पाए जाने का उल्लेख है।
हालांकि, इसी विवरण के मुख्य पाठ में प्रतिष्ठान का नाम Devour Your Foods LLP दिया गया है। इसमें बताया गया है कि पटना जिले के मसौढ़ी प्रखंड के फतेहपुर स्थित रविदास टोला, हाईवे के पास प्रतिष्ठान का निरीक्षण किया गया था। कमियां मिलने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 32 के तहत 14 दिनों के भीतर सुधार करने का नोटिस जारी किया गया।
प्रतिष्ठान को निर्धारित समय में कमियां दूर कर संबंधित कार्यालय में अनुपालन का प्रमाण प्रस्तुत करना होगा। ऐसा नहीं होने पर लाइसेंस निलंबित करने और नियमानुसार रद्द करने की कार्रवाई की जा सकती है।
ध्यान देने योग्य बात: Monginis और Devour Your Foods LLP के नाम में अंतर होने के कारण इस प्रतिष्ठान की पहचान विभाग से पुष्ट कर लेना जरूरी है। उपलब्ध ऑनलाइन खोज में इस विशेष निरीक्षण की स्वतंत्र पुष्टि नहीं मिली है।

सिर्फ दुकान की सजावट नहीं, इन बातों पर भी दें ध्यान
खाद्य सुरक्षा विभाग की इस कार्रवाई से उपभोक्ताओं के लिए भी एक जरूरी संदेश निकलता है। केक, पेस्ट्री, ब्राउनी या दूसरी बेकरी सामग्री खरीदते समय केवल कीमत, स्वाद, पैकिंग या दुकान की चमक-दमक देखकर फैसला न करें। उत्पाद पर निर्माण तिथि, इस्तेमाल की अंतिम तिथि और जरूरी लेबलिंग देखें। पैक्ड खाद्य सामग्री खरीदते समय पैकेट की स्थिति और उस पर दी गई जानकारी पर ध्यान दें। खुली सामग्री की स्थिति, उसे रखने का तरीका और दुकान की साफ-सफाई भी नजरअंदाज न करें।
कारोबारियों के लिए भी स्पष्ट संदेश है कि खाद्य सुरक्षा केवल निरीक्षण के दिन की औपचारिकता नहीं हो सकती। किचन और स्टोर की नियमित सफाई, सुरक्षित तापमान पर भंडारण, एक्सपायरी सामग्री को अलग करना, कीट नियंत्रण, कर्मचारियों की व्यक्तिगत स्वच्छता और जरूरी रिकॉर्ड बनाए रखना रोजमर्रा की जिम्मेदारी है।
FIFO नियम का पालन करने से पहले आए स्टॉक को पहले इस्तेमाल किया जा सकता है, जिससे पुरानी सामग्री के लंबे समय तक रखे रहने और एक्सपायर होने का जोखिम घटता है। इसी तरह, डीप फ्रीजर के तापमान का रिकॉर्ड बनाए रखना और खाद्य पदार्थों को गैर-खाद्य सामग्री से अलग रखना भी सुरक्षित भंडारण का अहम हिस्सा है।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद्य पदार्थों के निर्माण, भंडारण और बिक्री में स्वच्छता, सुरक्षित सामग्री, उचित लेबलिंग तथा निर्धारित मानकों का पालन अनिवार्य है। विभाग की ओर से प्रतिष्ठानों की जांच और निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे। अनियमितताएं मिलने पर सुधार नोटिस जारी करने, खाद्य सामग्री जब्त कर नष्ट करने, लाइसेंस निलंबित करने और जरूरत के अनुसार अन्य विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।

सुरक्षित भोजन कारोबारियों और उपभोक्ताओं—दोनों की साझा जिम्मेदारी है। कारोबारियों को नियमों का पालन करना होगा और उपभोक्ताओं को भी जागरूक रहकर अपने और अपने परिवार की सेहत को प्राथमिकता देनी होगी। स्वाद और सजावट के साथ खाद्य पदार्थों की सुरक्षा को महत्व देना ही इस कार्रवाई का सबसे बड़ा संदेश है।
