राजधानी पटना के अगमकुआं थाना क्षेत्र में शुक्रवार सुबह एक सड़क हादसे ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया। बड़ी पहाड़ी के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-30 (NH-30) पर तेज रफ्तार यात्री बस की चपेट में आने से 26 वर्षीय युवक मनीष कुमार की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की खबर फैलते ही स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और कुछ ही देर में पूरा इलाका तनाव की चपेट में आ गया।
आक्रोशित भीड़ ने बस में लगाई
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दुर्घटना के बाद बस कुछ दूर जाकर रुकी। इससे पहले कि पुलिस मौके पर पहुंचती, आसपास के लोग बड़ी संख्या में इकट्ठा हो गए। बस में सवार यात्री अपनी जान बचाकर नीचे उतर गए। इसके बाद आक्रोशित भीड़ ने बस में आग लगा दी। देखते ही देखते बस आग की लपटों में घिर गई। आगजनी की घटनाके बाद दमकल की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन दमकलकर्मियों का सामना हिंसक भीड़ से हो गया। ऐसे में मौके से दमकलकर्मियों को भी वापस लौटना पड़ा।
पुलिस और मीडिया की गाड़ी भी आग के हवाले
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हंगामा कर रहे लोगों ने पुलिस पर पथराव किया है. घटना के बाद पूरा इलाके में जहां-तहां गाड़ियां फंस गई. काफी देर तक हंगामा और अफरा-तफरी का माहौल रहा. मौके पर पहुंची पुलिस और प्रशासन की टीम पर भीड़ ने पथराव किया और पुलिस की 3 गाड़ियों (जीपों) समेत करीब 5 से 10 वाहनों को आग के हवाले कर दिया. कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार ट्रैफिक पुलिस चौकी में भी तोड़फोड़ और आगजनी की गई है.
घटना यहीं नहीं रुकी। गुस्साए लोगों ने राष्ट्रीय राजमार्ग से गुजर रहे कई वाहनों में तोड़फोड़ की। हालात इतने बिगड़ गए कि मौके पर पहुंची पुलिस टीम को भी विरोध का सामना करना पड़ा। इस दौरान कवरेज कर रहे कुछ मीडिया कर्मियों को भी लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा।
NH 30 पर लगा रहा लंबा जाम, यातायात बुरी तरह प्रभावित
हंगामे के कारण NH-30 पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। आसपास की सड़कों पर भी यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। कई लोग घंटों जाम में फंसे रहे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए आसपास के थानों से अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया। सड़क हादसे के बाद हुए हंगामे, आगजनी और सड़क जाम की सूचना मिलते ही पटना सिटी के एसडीओ सत्यम सहाय और अपर पुलिस अधीक्षक राज किशोर सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने पुलिस की मदद से उपद्रवियों को सड़क से हटाया और हालात पर काबू पाया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है और लोगों को शांत कराने का प्रयास किया जा रहा है। साथ ही, हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। बस चालक की तलाश और आगे की कानूनी कार्रवाई भी की जा रही है।
मृतक के परिजन कर रहे मुआवजे की मांग
पुलिस टीम आक्रोशित लोगों को शांत कराने और स्थिति को नियंत्रण में लेने का प्रयास कर रही है, लेकिन मृतक के परिजन और स्थानीय लोग मुआवजे की मांग को लेकर अब भी प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि क्षेत्र में यातायात व्यवस्था पूरी तरह बदहाल है। लोग ट्रैफिक व्यवस्था में तत्काल सुधार की मांग पर अड़े हुए हैं।
घेराबंदी कर उपद्रवियों की पहचान शुरू
पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर उपद्रवियों की पहचान शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि आगजनी, तोड़फोड़ और हिंसा में शामिल लोगों की पहचान सीसीटीवी फुटेज और वीडियो के आधार पर की जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस बीच, अगमकुआं थाना पुलिस ने बताया कि ‘मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए पीएमसीएच भेज दिया है। इलाके में भारी पुलिस बल तैनात है।