Nalanda News: कर्पूरी भवन टाउन हॉल, बिहार शरीफ में रविवार को “शिक्षा संवाद सह शिक्षक समागम” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जन सुराज के संस्थापक एवं सूत्रधार प्रशांत किशोर तथा पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से जन सुराज की प्रत्याशी डॉ. दिव्या ज्योति ने शिक्षकों की समस्याओं,
अधिकारों और बिहार की शिक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर विचार रखे। कार्यक्रम में नालंदा जिले के विभिन्न शिक्षण संस्थानों से बड़ी संख्या में शिक्षक एवं शिक्षाविद शामिल हुए।
प्रशांत किशोर ने कहा कि बिहार के विकास की बुनियाद शिक्षा, रोजगार और बेहतर प्रशासन पर टिकी है। उन्होंने शिक्षकों को समाज और आने वाली पीढ़ियों के निर्माण की महत्वपूर्ण कड़ी बताते हुए कहा कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए शिक्षकों को सम्मान, बेहतर कार्य परिस्थितियां और उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान जरूरी है।
उन्होंने नालंदा की ऐतिहासिक ज्ञान परंपरा का उल्लेख करते हुए बिहार को फिर शिक्षा के क्षेत्र में प्रतिष्ठित बनाने की जरूरत बताई।

वहीं डॉ. दिव्या ज्योति ने समान कार्य के लिए समान वेतन, सेवा सुरक्षा, पारदर्शी प्रोन्नति एवं स्थानांतरण, पेंशन, सामाजिक सुरक्षा और लंबित भुगतान जैसे मुद्दे उठाए। उन्होंने वित्तरहित शिक्षकों की समस्याओं पर कहा कि उन्हें दया नहीं, बल्कि अधिकार और सम्मान चाहिए।
उन्होंने महिला शिक्षकों के अधिकार, छात्राओं की सुरक्षा, सामाजिक समानता और शिक्षा को बिहार की राजनीति के केंद्र में लाने की जरूरत पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि शिक्षक मजबूत होगा तो शिक्षा मजबूत होगी और शिक्षा मजबूत होगी तो बिहार मजबूत होगा।
कार्यक्रम में पूर्व MLC डॉ. प्रो. रामबली, सह-प्रभारी डॉ. प्रो. ज्ञानदेव मणि त्रिपाठी, जन सुराज के पदाधिकारी, प्राचार्य, शिक्षक एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। बड़ी संख्या में शिक्षकों की भागीदारी को शिक्षक अधिकारों और शिक्षा व्यवस्था को लेकर बढ़ती जागरूकता का संकेत बताया गया।
