बिहार एसटीएफ ने अंतरराज्यीय कार्रवाई में रोहतास जिले के रहने वाले एक वांछित आरोपित को गिरफ्तार किया है। बिहार पुलिस मुख्यालय की ओर से 3 नवंबर 2026 को जारी सूचना के अनुसार, बिहार एसटीएफ की विशेष टीम और गुजरात पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में गुजरात के जामनगर पंच ‘बी’ डिवीजन थाना कांड संख्या 30/2007 में वांछित असलम अंसार को सासाराम में गिरफ्तार किया गया। पुलिस के मुताबिक उसके खिलाफ वर्ष 2007 के एक हत्या मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत मामला दर्ज था। यह कार्रवाई लंबे समय से लंबित मामले में वांछित आरोपित तक पहुंचने की दिशा में की गई संयुक्त पुलिस कार्रवाई का हिस्सा है।
2007 के हत्या मामले में था वांछित
एसटीएफ की ओर से जारी आधिकारिक जानकारी के मुताबिक असलम अंसार, पिता इल्ताफ हुसैन अंसारी, मोना, थाना नासरीगंज, जिला रोहतास का निवासी है। गुजरात के जामनगर पंच ‘बी’ डिवीजन थाना में दर्ज कांड संख्या 30/2007 दिनांक 28 फरवरी 2007 में वह वांछित था। मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत कार्रवाई दर्ज है। पुलिस ने इसी पुराने मामले में उसकी तलाश के आधार पर कार्रवाई आगे बढ़ाई।
पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज मामले के करीब दो दशक बाद आरोपित की गिरफ्तारी बिहार के रोहतास जिले में की गई है। इससे यह भी स्पष्ट होता है कि दूसरे राज्य में दर्ज गंभीर आपराधिक मामलों में वांछित लोगों की तलाश के लिए राज्यों की पुलिस और विशेष बलों के बीच समन्वय की भूमिका महत्वपूर्ण है।
बिहार STF और गुजरात पुलिस ने मिलकर की कार्रवाई
पुलिस मुख्यालय की सूचना के अनुसार, 2 नवंबर 2026 को बिहार एसटीएफ की विशेष टीम ने गुजरात पुलिस के साथ संयुक्त कार्रवाई की। टीम ने रोहतास जिले के सासाराम स्थित नगर थाना क्षेत्र में छापेमारी की और असलम अंसार को गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के लिए गुजरात में दर्ज पुराने आपराधिक मामले से संबंधित जानकारी के आधार पर स्थानीय स्तर पर तलाश की गई।

यह गिरफ्तारी उस अंतरराज्यीय पुलिस समन्वय को भी रेखांकित करती है, जिसमें किसी एक राज्य में दर्ज मामले में वांछित आरोपित के दूसरे राज्य में मौजूद होने की सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस की मदद से कार्रवाई की जाती है। इस मामले में गुजरात पुलिस और बिहार एसटीएफ की संयुक्त टीम ने सासाराम में कार्रवाई को अंजाम दिया।
रोहतास में मिला आरोपित का ठिकाना
एसटीएफ के मुताबिक गिरफ्तार असलम अंसार का पता मोना, नासरीगंज थाना क्षेत्र, रोहतास जिले से जुड़ा है। टीम ने इसी जिले के सासाराम नगर थाना क्षेत्र में छापेमारी कर उसे पकड़ा। आधिकारिक सूचना में गिरफ्तारी के दौरान किसी हथियार, नकदी या अन्य सामान की बरामदगी का उल्लेख नहीं किया गया है। इसलिए इस कार्रवाई से जुड़ी ऐसी किसी भी अतिरिक्त बरामदगी का दावा उपलब्ध सूचना के आधार पर नहीं किया जा सकता।
पुराने मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई
गुजरात के जामनगर पंच ‘बी’ डिवीजन थाना में दर्ज कांड संख्या 30/2007 में असलम अंसार के खिलाफ हत्या से संबंधित आरोप के आधार पर मामला लंबित था। एसटीएफ की सूचना में गिरफ्तारी के बाद की विस्तृत कानूनी प्रक्रिया, आरोपित को गुजरात ले जाने या संबंधित अदालत में पेशी की जानकारी नहीं दी गई है। इसलिए इन पहलुओं पर फिलहाल आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
बिहार पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी सूचना का मुख्य केंद्र वांछित आरोपित की गिरफ्तारी है। पुलिस कार्रवाई के बाद पुराने मामले की आगे की प्रक्रिया संबंधित जांच और न्यायिक व्यवस्था के तहत चलेगी। किसी आरोपित के खिलाफ दर्ज मामला और पुलिस की ओर से की गई गिरफ्तारी अपने आप में दोष सिद्ध होने का अंतिम प्रमाण नहीं है। मामले में अंतिम निर्णय सक्षम न्यायालय की प्रक्रिया के बाद ही होगा।

एसटीएफ की अंतरराज्यीय कार्रवाई का महत्व
गंभीर आपराधिक मामलों में वांछित आरोपितों की तलाश कई बार राज्य की सीमाओं से बाहर तक जाती है। ऐसे मामलों में स्थानीय पुलिस और विशेष बलों के बीच सूचनाओं का आदान-प्रदान कार्रवाई को आगे बढ़ाने में अहम होता है। असलम अंसार की गिरफ्तारी भी बिहार एसटीएफ और गुजरात पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के जरिए हुई है। 3 नवंबर को जारी पुलिस मुख्यालय की सूचना में इस गिरफ्तारी को जामनगर के पुराने हत्या मामले से जोड़ते हुए जानकारी दी गई है।
फिलहाल उपलब्ध आधिकारिक जानकारी के आधार पर इतना स्पष्ट है कि गुजरात के जामनगर पंच ‘बी’ डिवीजन थाना के वर्ष 2007 के कांड में वांछित असलम अंसार को 2 नवंबर को सासाराम से गिरफ्तार किया गया। आगे की कानूनी कार्रवाई के संबंध में पुलिस या संबंधित न्यायालय की ओर से जो जानकारी सामने आएगी, उसी के आधार पर मामले की अगली तस्वीर स्पष्ट होगी।
