मुंगेर: दीपावली के दौरान बिहार में शराब खपाने की कथित तैयारी के बीच मुंगेर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक कंटेनर से करीब 300 कार्टन अंग्रेजी शराब बरामद की है। पुलिस के अनुसार, यह खेप धनबाद से मुजफ्फरपुर भेजी जा रही थी और इसे छिपाने के लिए कंटेनर के कागजात में चावल की बिल्टी का इस्तेमाल किया गया था। श्रीकृष्ण सेतु के पास सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में कंटेनर चालक को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस की इस कार्रवाई को दीपावली से पहले शराब तस्करी के खिलाफ अहम सफलता माना जा रहा है। इससे एक दिन पहले भी इसी मार्ग से 143 कार्टन अंग्रेजी शराब बरामद किए जाने की जानकारी सामने आई थी। लगातार दो बड़ी बरामदगी के बाद पुलिस अब इस रास्ते से संचालित हो रहे संभावित तस्करी नेटवर्क की कड़ियां खंगालने में जुटी है।
श्रीकृष्ण सेतु के पास बिछाया गया जाल
मुफस्सिल थानाध्यक्ष वीरभद्र कुमार के अनुसार, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि श्रीकृष्ण सेतु के रास्ते एक कंटेनर में शराब की बड़ी खेप ले जाई जा रही है। सूचना मिलने के बाद एसपी की आसूचना इकाई और स्थानीय पुलिस सक्रिय हुई। टीम ने सेतु के आसपास निगरानी बढ़ाकर संदिग्ध कंटेनर को रोक लिया।
कंटेनर की तलाशी के दौरान बड़ी संख्या में शराब की पेटियां मिलीं। पुलिस के मुताबिक, बरामदगी करीब 300 कार्टन की है। इसके बाद वाहन को जब्त कर चालक को हिरासत में लिया गया और उससे पूछताछ शुरू की गई। बरामद शराब की ब्रांड, मात्रा और अन्य तकनीकी विवरणों की विस्तृत जानकारी जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट होने की उम्मीद है।

चावल की बिल्टी के सहारे शराब ढोने का आरोप
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार चालक की पहचान उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के बेलारी थाना क्षेत्र के तेवरखास गांव निवासी मेहरबान के रूप में हुई है। पूछताछ में चालक ने बताया कि उसे धनबाद से चावल की बिल्टी दी गई थी और कंटेनर को मुजफ्फरपुर के पीपलाकोठी पहुंचाने के लिए कहा गया था। हालांकि, पुलिस जांच में कंटेनर के भीतर चावल की जगह अंग्रेजी शराब की खेप मिली।
पुलिस का अनुमान है कि कागजात में चावल का उल्लेख कर शराब की वास्तविक ढुलाई को छिपाने की कोशिश की गई। इस तरह के तरीके का इस्तेमाल कथित तौर पर जांच एजेंसियों को भ्रमित करने के लिए किया जा सकता है। हालांकि, इस मामले में यह तथ्य जांच पूरी होने और संबंधित आरोपों की पुष्टि के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट होगा।
धनबाद से मुजफ्फरपुर तक नेटवर्क की पड़ताल
पूछताछ के दौरान सामने आई जानकारी के आधार पर पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि शराब की खेप किसके इशारे पर भेजी गई थी और इसे मुजफ्फरपुर पहुंचने के बाद कहां खपाया जाना था। पुलिस तस्करी के संभावित नेटवर्क, इसमें शामिल अन्य लोगों और वाहन के इस्तेमाल से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है।
शराब की यह खेप दीपावली के आसपास खपाने की तैयारी में होने की बात पुलिस के सामने आई है। ऐसे में जांच का एक प्रमुख बिंदु यह भी होगा कि तस्करों ने त्योहार के दौरान मांग बढ़ने का फायदा उठाने के लिए कितनी बड़ी मात्रा में शराब भेजने की योजना बनाई थी।

एक दिन पहले भी मिली थी 143 कार्टन शराब
श्रीकृष्ण सेतु शराब तस्करी के मामले में पहले भी कार्रवाई का केंद्र रहा है। पुलिस ने एक दिन पहले इसी रास्ते से 143 कार्टन अंग्रेजी शराब बरामद किए जाने की जानकारी दी थी। इसके बाद अगले ही दिन करीब 300 कार्टन की बरामदगी ने पुलिस की चिंता बढ़ा दी है। लगातार कार्रवाई से यह संकेत मिला है कि सेतु के रास्ते शराब की आवाजाही को लेकर एक संगठित नेटवर्क की संभावना की जांच जरूरी है।
फिलहाल गिरफ्तार चालक से पूछताछ जारी है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। बरामद शराब और वाहन को भी मामले में साक्ष्य के तौर पर रखा गया है। इस कार्रवाई के बाद तस्करी में शामिल अन्य लोगों तक पहुंचने के लिए पुलिस की जांच आगे बढ़ रही है।
