शौच के लिए नदी किनारे गई थी मीना देवी, पैर फिसलते ही पानी में गिरीं; बऊआं गांव के पांच युवकों ने शोर सुनकर बचाई जान
किंजर (अरवल)। पुनपुन नदी के तेज बहाव में बहकर करीब तीन किलोमीटर दूर पटना जिले के सिगोड़ी थाना क्षेत्र तक पहुंची एक वृद्ध महिला को स्थानीय युवकों ने साहस दिखाते हुए सुरक्षित बाहर निकाल लिया। महिला मंगलवार को शौच के लिए नदी के पास गई थी, इसी दौरान पैर फिसलने से वह पानी में गिर गई और तेज धारा के साथ बहने लगी।
घटना एनएच-33 पर पुनपुन नदी पुल के नीचे की बताई जा रही है। पानी में गिरने के बाद महिला को तेज बहाव अपने साथ बहाता ले गया। इसी दौरान उनकी साड़ी में पानी और हवा भर जाने से वह गुब्बारे की तरह फूल गई। बताया जा रहा है कि इसी वजह से महिला घटनास्थल के आसपास डूबने से बच गईं, लेकिन नदी की धारा उन्हें लगातार आगे ले जाती रही।
तीन किलोमीटर दूर पहुंची महिला, लगातार लगाती रही आवाज
पानी के तेज बहाव में बहते हुए महिला करीब तीन किलोमीटर दूर पटना जिले के सिगोड़ी थाना क्षेत्र के बऊआं गांव के पास पहुंच गईं। वहां वह लगातार शोर मचाकर मदद की गुहार लगा रही थीं।
महिला की आवाज सुनकर बऊआं गांव के कुछ नवयुवकों ने नदी की ओर ध्यान दिया। स्थिति को समझते ही पांच युवकों ने नदी में छलांग लगा दी और महिला को पानी से सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
निशांत, गुड्डू और बबलू समेत पांच युवकों ने दिखाई हिम्मत
महिला की जान बचाने वालों में निशांत कुमार, गुड्डू कुमार और बबलू कुमार सहित पांच युवक शामिल थे। तेज बहाव के बावजूद युवकों ने जोखिम उठाकर नदी में प्रवेश किया और वृद्ध महिला को सुरक्षित बाहर निकालने में कामयाब रहे।
महिला के नदी से बाहर आने के बाद मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। इसके बाद ग्रामीणों ने उनके परिवार वालों को घटना की जानकारी दी।
कुर्था थाना क्षेत्र की रहने वाली हैं मीना देवी
बचाई गई महिला की पहचान कुर्था थाना क्षेत्र के सच्चाई मठिया गांव निवासी शिवशंकर पासवान की पत्नी मीना देवी के रूप में हुई है।
परिजनों को सूचना मिलने के बाद महिला के पुत्र सहित अन्य स्वजन बऊआं गांव पहुंचे। इसके बाद मीना देवी को उनके परिजन अपने साथ घर ले गए।
साड़ी बनी सहारा, युवकों ने बचाई जान
इस घटना में एक तरफ पुनपुन नदी का तेज बहाव महिला के लिए खतरा बना हुआ था, वहीं पानी और हवा से फूल गई उनकी साड़ी ने उन्हें तत्काल डूबने से बचाने में मदद की। इसके बाद करीब तीन किलोमीटर तक बहने के बावजूद महिला शोर मचाती रहीं। आखिरकार बऊआं गांव के युवकों ने उनकी आवाज सुनी और समय रहते नदी में उतरकर उन्हें सुरक्षित निकाल लिया।