पूर्णिया: चर्चित शुभम कुशवाहा शूटआउट मामले का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया है कि वार्ड पार्षद रेखा देवी के पुत्र शुभम कुशवाहा की हत्या के लिए छह लाख रुपये की सुपारी दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो पेशेवर शूटर भी शामिल हैं। दोनों शूटरों को असम से गिरफ्तार किया गया, जबकि दो अन्य आरोपियों को बिहार से दबोचा गया है।
पूर्णिया के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) डॉ. शौर्य सुमन ने प्रेस वार्ता में बताया कि इस हमले की साजिश सूरज बिहारी हत्याकांड की रंजिश में रची गई थी। पुलिस जांच के अनुसार, सूरज बिहारी के भाई उदय बिहारी ने शुभम कुशवाहा की हत्या के लिए छह लाख रुपये की सुपारी देकर शूटरों को लगाया था।
एसएसपी ने बताया कि यह वारदात 24 जुलाई को नेवालाल चौक के पास हुई थी। उस दिन छह हथियारबंद अपराधियों ने शुभम कुशवाहा और उसके मामा सागर पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी। गोली लगने से दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए थे और उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। घटना के बाद से पुलिस लगातार मामले की जांच में जुटी हुई थी।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से एक पिस्टल, पांच जिंदा कारतूस और पांच मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पूछताछ में कई अहम जानकारियां मिली हैं, जिनके आधार पर पुलिस पूरे षड्यंत्र की कड़ियां जोड़ रही है। एसएसपी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में दो मधेपुरा और दो पूर्णिया जिले के निवासी हैं।
पुलिस ने यह भी बताया कि इस मामले में अभी दो आरोपी फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही सभी फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
एसएसपी ने यह भी स्वीकार किया कि शुभम कुशवाहा पर पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस का मानना है कि यह हमला पुराने आपराधिक विवाद और आपसी रंजिश का नतीजा है। मामले के खुलासे के बाद पुलिस अब इस साजिश में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी गहराई से जांच कर रही है।