पटना: बिहार में वासभूमिहीन परिवारों के लिए बड़ी राहत की खबर है। अभियान बसेरा के तहत वासभूमि के लिए आवेदन करने वाले लोगों को अब आवेदन जमा करने के लिए पटना का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने आवेदन प्रक्रिया को आसान बनाते हुए बिहारभूमि पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन की सुविधा शुरू कर दी है। इसके साथ ही पंचायत स्तर पर भी आवेदन जमा करने की व्यवस्था की गई है। पंचायत सरकार भवन में चार दिवसीय शिविर लगाकर पात्र लाभार्थियों से आवेदन लिए जाएंगे।
इस नई व्यवस्था का सीधा फायदा उन भूमिहीन परिवारों को मिलेगा, जिन्हें वासभूमि के लिए आवेदन करने में दूरी, यात्रा और कार्यालयों के चक्कर जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। अब लाभार्थी ऑनलाइन, पंचायत शिविर या अपने संबंधित अंचल कार्यालय—तीनों माध्यमों से आवेदन जमा कर सकेंगे।
ऑनलाइन आवेदन की सुविधा शुरू, बिहारभूमि पोर्टल से करें अप्लाई
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने अभियान बसेरा के तहत वासभूमि के लिए आवेदन प्रक्रिया को डिजिटल किया है। इच्छुक लाभार्थी बिहारभूमि पोर्टल के माध्यम से घर बैठे ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
ऑनलाइन आवेदन के लिए बिहार सरकार के आधिकारिक बिहारभूमि पोर्टल का इस्तेमाल किया जा सकता है:
इस व्यवस्था का उद्देश्य लाभार्थियों को आवेदन के लिए अनावश्यक रूप से दूर स्थित कार्यालयों तक जाने से राहत देना है।
पंचायत सरकार भवन में लगेगा चार दिवसीय शिविर
ऑनलाइन सुविधा के साथ विभाग ने पंचायत स्तर पर भी आवेदन लेने की व्यवस्था की है। अभियान बसेरा के तहत वासभूमिहीन लाभार्थियों के लिए पंचायत सरकार भवन में चार दिवसीय शिविर आयोजित किए जाएंगे।
लाभार्थी अपने ही पंचायत में आयोजित शिविर में पहुंचकर वासभूमि के लिए आवेदन जमा कर सकेंगे। यानी आवेदन के लिए अब पटना या दूर के किसी कार्यालय तक जाने की जरूरत नहीं होगी।
यह व्यवस्था खास तौर पर उन ग्रामीण परिवारों के लिए महत्वपूर्ण है, जिन्हें ऑनलाइन आवेदन करने में परेशानी हो सकती है या जिनके लिए अंचल कार्यालय तक पहुंचना मुश्किल होता है।
अंचल कार्यालय आवेदन लेने से नहीं कर सकता इनकार
विभाग ने अंचल स्तर पर भी आवेदन प्रक्रिया को लेकर स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। वासभूमि के लिए आवेदन संबंधित अंचल कार्यालय में भी जमा किया जा सकता है।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के सचिव जय सिंह ने निर्देश दिया है कि सभी अंचलाधिकारी आवेदन प्राप्त करना सुनिश्चित करें और आवेदक को प्राप्ति रसीद अनिवार्य रूप से दें।
अगर किसी आवेदक का आवेदन लेने से इनकार किया जाता है या आवेदन जमा करने में लापरवाही बरती जाती है तो संबंधित अंचलाधिकारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
आवेदन जमा करते समय रसीद जरूर लें
विभाग ने लाभार्थियों को खास तौर पर सलाह दी है कि अंचल कार्यालय में आवेदन जमा करते समय प्राप्ति रसीद जरूर लें और उसे सुरक्षित रखें। यह रसीद भविष्य में आवेदन जमा करने के प्रमाण के तौर पर महत्वपूर्ण हो सकती है।
‘पटना आना पड़ेगा’ कहने वालों से रहें सावधान
विभाग के संज्ञान में यह बात आई है कि कुछ संभावित वासभूमिहीन लाभार्थियों के बीच यह भ्रम फैलाया जा रहा है कि अभियान बसेरा के तहत आवेदन करने के लिए उन्हें पटना आना पड़ेगा।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने ऐसी जानकारी को भ्रामक बताया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि लाभार्थियों को आवेदन के लिए पटना आने की जरूरत नहीं है।
मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति या संस्था आवेदन के नाम पर लोगों को पटना बुलाकर भ्रमित करता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अब तीन तरीकों से कर सकते हैं आवेदन
अभियान बसेरा के तहत वासभूमि के लिए आवेदन करने वाले लाभार्थियों के सामने अब तीन विकल्प उपलब्ध हैं—
- ऑनलाइन: बिहारभूमि पोर्टल के माध्यम से
- पंचायत स्तर पर: पंचायत सरकार भवन में आयोजित चार दिवसीय शिविर में
- ऑफलाइन: संबंधित अंचल कार्यालय में आवेदन जमा करके
इससे ग्रामीण क्षेत्रों के भूमिहीन परिवारों को आवेदन प्रक्रिया में बड़ी सुविधा मिलने की उम्मीद है।
सरकार का फोकस—आवेदन प्रक्रिया आसान और स्थानीय स्तर पर उपलब्ध
मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने कहा कि अभियान बसेरा के तहत वासभूमि के लिए आवेदन करने वाले भूमिहीन परिवारों की सुविधा विभाग की प्राथमिकता है। नई व्यवस्था के जरिए आवेदन प्रक्रिया को लाभार्थियों के नजदीक लाने की कोशिश की गई है।
विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे किसी के बहकावे में आकर अनावश्यक रूप से पटना की यात्रा न करें। वासभूमि के लिए आवेदन अपने पंचायत में आयोजित शिविर, संबंधित अंचल कार्यालय या बिहारभूमि पोर्टल के माध्यम से किया जा सकता है।
जरूरी बात: अगर आप अभियान बसेरा के तहत वासभूमि के लिए आवेदन करना चाहते हैं, तो आवेदन जमा करने के बाद प्राप्ति रसीद जरूर लें और उसे सुरक्षित रखें।