बिहारशरीफ: नालंदा जिला मुख्यालय बिहारशरीफ में सोमवार की सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब बिहार थाना क्षेत्र में हथियारनुमा लाठी-डंडों और लोहे के पाइप से लैस बदमाशों ने एक यात्री बस को निशाना बना लिया।
यादव छात्रावास के पास बिहारशरीफ से शेखपुरा जा रही ‘बदौनी’ बस को रोककर 10 से 12 युवकों ने चालक और उपचालक के साथ जमकर मारपीट की। आरोप है कि हमलावरों ने बस में तोड़फोड़ करने के साथ उपचालक से पांच हजार रुपये भी छीन लिए।
सवारी बनकर रुकवाई बस, फिर शुरू कर दी पिटाई
बस चालक नीतीश कुमार के मुताबिक, यादव छात्रावास के पास सड़क किनारे 4-5 युवक खड़े थे। उन्हें सवारी समझकर बस रोकी गई। आरोप है कि इसी दौरान युवकों ने बस की चाबी जबरन निकाल ली। देखते ही देखते वहां 10-12 और युवक पहुंच गए।
इसके बाद लाठी, डंडे और लोहे के पाइप से चालक और उपचालक पर हमला कर दिया गया। पहले उपचालक पप्पू यादव को घेरकर पीटा गया और फिर बस के अंदर चालक नीतीश कुमार के साथ मारपीट की गई। हमलावरों ने बस के शीशे भी तोड़ दिए।
5 हजार रुपये लूटने का भी आरोप
चालक का आरोप है कि डीजल भराने के लिए जेब में रखे 5,000 रुपये भी हमलावरों ने छीन लिए। अचानक हुए हमले से बस में सवार यात्रियों के बीच चीख-पुकार मच गई। यात्रियों में दहशत का माहौल बन गया।
घटना के बाद स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायल चालक और उपचालक को बिहारशरीफ सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां दोनों का इलाज कराया गया।
रक्षाबंधन के विवाद से जुड़ रहे हमले के तार
पूरे मामले में रक्षाबंधन के दिन हुए एक विवाद की बात भी सामने आई है। चालक के अनुसार, उस दिन बस में काफी भीड़ थी और बस नियमित स्टॉपेज से कुछ दूरी पर रुकी थी। इसी बात को लेकर एक यात्री और उसके परिजनों ने चालक-उपचालक के साथ गाली-गलौज की थी और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी थी।
अब आशंका जताई जा रही है कि उसी विवाद के बाद इस हमले को अंजाम दिया गया। हालांकि, हमले की असली वजह और आरोपितों की पहचान पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
नालंदा : CCTV से खुलेगा हमलावरों का राज?
घटना की सूचना मिलते ही बिहार थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थानाध्यक्ष सम्राट दीपक के मुताबिक, घायलों को अस्पताल भेजा गया है और घटनास्थल के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है।
पुलिस फुटेज के आधार पर हमलावरों की पहचान करने में जुटी है। पुलिस का कहना है कि लिखित आवेदन मिलने के बाद प्राथमिकी दर्ज कर आरोपितों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल बड़ा सवाल यही है कि दिनदहाड़े बस रोककर हमला करने वाले ये युवक कौन थे और आखिर किसके इशारे पर इतनी बड़ी वारदात को अंजाम दिया गया?