Dinman Times
  • वीडियो
  • वेब स्टोरीज
Sign In
  • होम
  • देश
    • बिहार
    • उत्तर प्रदेश
    • दिल्‍ली
    • झारखण्‍ड
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
  • राजनीति
  • टेक्नोलॉजी
  • अपराध
  • बिज़नेस
  • मनोरंजन
  • खेल
  • करियर
  • धर्म
  • स्वास्थ्य
  • लाइफस्टाइल
  • मौसम
Reading: लखनऊ में गोमती का कहर: 40 हजार घर 4-5 फीट पानी में डूबे, 3 लाख लोग प्रभावित; राहत के लिए 60 नावें उतारी गईं
साझा करें
Notification
Font ResizerAa
Dinman Times
  • वेब स्टोरीज
  • होम
  • देश
  • राजनीति
  • टेक्नोलॉजी
  • अपराध
  • बिज़नेस
  • मनोरंजन
  • खेल
  • करियर
  • धर्म
  • स्वास्थ्य
  • लाइफस्टाइल
  • मौसम
Search
  • होम
  • देश
    • बिहार
    • उत्तर प्रदेश
    • दिल्‍ली
    • झारखण्‍ड
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
  • राजनीति
  • टेक्नोलॉजी
  • अपराध
  • बिज़नेस
  • मनोरंजन
  • खेल
  • करियर
  • धर्म
  • स्वास्थ्य
  • लाइफस्टाइल
  • मौसम
Follow US
© 2026. All Rights Reserved.

Home - देश - उत्तर प्रदेश - लखनऊ में गोमती का कहर: 40 हजार घर 4-5 फीट पानी में डूबे, 3 लाख लोग प्रभावित; राहत के लिए 60 नावें उतारी गईं

लखनऊ में गोमती का कहर: 40 हजार घर 4-5 फीट पानी में डूबे, 3 लाख लोग प्रभावित; राहत के लिए 60 नावें उतारी गईं

Last updated: अक्टूबर 6, 2026 11:55 पूर्वाह्न
By : Dinman News Network
Published on : 3 सप्ताह पहले
लखनऊ के फैजुल्लागंज में गोमती नदी की बाढ़ से जलमग्न इलाके
लखनऊ के फैजुल्लागंज में गोमती नदी की बाढ़ से जलमग्न इलाके
साझा करें

फैजुल्लागंज सबसे ज्यादा प्रभावित, मिलन नगर से अतल चौक तक गलियों में घुसा पानी; रोज करीब 2 हजार परिवार घर छोड़ने को मजबूर, प्रशासन ने बढ़ाई राहत-बचाव की व्यवस्था

लखनऊ: गोमती नदी का जलस्तर बढ़ने से लखनऊ के कई निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं। फैजुल्लागंज और आसपास की बस्तियां सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। रिपोर्ट के मुताबिक करीब 40 हजार घरों में 4 से 5 फीट तक पानी भर गया है और लगभग 3 लाख लोग प्रभावित हुए हैं। करीब 2 हजार परिवार रोज अपने घर छोड़कर किराए के कमरों या सुरक्षित जगहों पर जाने को मजबूर हैं।

फैजुल्लागंज में घरों के अंदर तक पहुंचा पानी

फैजुल्लागंज के मिलन नगर, राम नगर, गणेश विहार, मामा चौराहा और अतल चौक समेत कई इलाकों में जलभराव गंभीर है। कई जगह पानी घुटनों से ऊपर पहुंच चुका है, जिससे लोगों के लिए घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है।

कई परिवार कई दिनों तक इस उम्मीद में घरों में रुके रहे कि पानी कम हो जाएगा। लेकिन जलस्तर बढ़ता रहा तो उन्हें आखिरकार घर छोड़ना पड़ा। कुछ परिवार अब किराए के छोटे कमरों में रह रहे हैं, जहां परिवार के कई सदस्यों को एक साथ गुजारा करना पड़ रहा है।

Dinman Times ads 728-90

सिलेंडर से जरूरी सामान तक, पानी के बीच सामान बचाने की जद्दोजहद

बाढ़ के बीच लोगों की बड़ी चिंता अपने जरूरी सामान को सुरक्षित जगह तक पहुंचाने की है। कई निवासी गैस सिलेंडर, घरेलू सामान और दूसरी जरूरी चीजें पानी के बीच से निकालकर ले जाते दिखाई दे रहे हैं।

ये भी पढ़े

‘राम ने शर्मा को मारा’ पोस्ट पर 26 घंटे बाद माफी, UP के CEO के आधिकारिक हैंडल ने माना—भाषा मर्यादित नहीं थी
मेरठ के डॉ. विनीत सक्सेना IAP के राष्ट्रीय अध्यक्ष-निर्वाचित, 5,831 वोटों से दर्ज की जीत
26 अक्टूबर: राम प्रकाश गुप्ता की जन्मजयंती और सार्वजनिक जीवन में योगदान
होटल के दरवाजे पर 5 सेकंड में गिरी मुस्कान, सुबह अस्पताल में मौत; पति पर हत्या का आरोप

सड़कें और गलियां पानी में डूबने के कारण लोगों को बाहर निकलने के लिए नावों और दूसरे साधनों का सहारा लेना पड़ रहा है।

गंदे पानी से बीमारी का डर, नल के पानी में भी बदबू की शिकायत

कई इलाकों में लंबे समय से जमा पानी में कचरा और गंदगी जमा हो गई है। इससे लोगों को बीमारी फैलने का डर सता रहा है। कुछ निवासियों ने घरों में आने वाले नल के पानी से बदबू आने की भी शिकायत की है।

स्थानीय लोगों के मुताबिक कुछ लोगों को उल्टी, दस्त और बुखार जैसी परेशानियां हुई हैं। पानी में सांप और दूसरे जीव दिखाई देने की आशंका ने भी लोगों की चिंता बढ़ा दी है।

Dinman Times ads 728-90

स्कूल बंद, बच्चों की पढ़ाई और परीक्षाएं भी प्रभावित

बाढ़ का असर बच्चों की पढ़ाई पर भी पड़ा है। जलभराव के कारण कई छात्र स्कूल नहीं पहुंच पा रहे हैं। कुछ इलाकों में स्कूल बंद किए गए हैं।

अभिभावक भी बच्चों को पानी से भरी सड़कों और गलियों में भेजने से बच रहे हैं। इसके चलते कुछ विद्यार्थियों के टेस्ट और परीक्षाएं छूट गई हैं।

नाव के लिए घंटों इंतजार, अब प्रशासन ने बढ़ाई नावों की संख्या

बाढ़ से घिरे घरों से बाहर निकलना कई परिवारों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। कुछ लोगों ने शिकायत की कि मदद के लिए नाव या दूसरे साधन मिलने में उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ा।

एक परिवार ने बताया कि छोटे बच्चे के साथ बाहर निकलने के लिए उसे करीब दो घंटे तक मदद का इंतजार करना पड़ा। कुछ इलाकों में स्थानीय लोगों ने खुद निजी नावों की व्यवस्था की।

Dinman Times ads 728-90

अब प्रशासन ने भी राहत और निकासी अभियान तेज किया है। फैजुल्लागंज में 60 नावें तैनात की गई हैं और 20 से ज्यादा मोटराइज्ड नावें अयोध्या समेत दूसरे जिलों से आने की जानकारी दी गई है। प्रभावित परिवारों को राहत किट भी बांटी जा रही हैं। इनमें 10 किलो आटा, 10 किलो चावल, 10 किलो आलू, चना, दाल, बोतलबंद पानी और अन्य जरूरी सामान शामिल हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया और प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर राहत सामग्री बांटी। अधिकारियों को लोगों को राहत शिविरों तक पहुंचाने और वहां भोजन, बच्चों के लिए दूध तथा गर्भवती महिलाओं के लिए पोषण की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।

घरों में पानी रोकने के लिए लोगों ने खुद बनाई ईंट की दीवार

पानी को घरों में घुसने से रोकने के लिए लोग अपने स्तर पर भी उपाय कर रहे हैं। कुछ परिवारों ने घर के दरवाजों पर ईंटों की छोटी दीवारें खड़ी कर दी हैं।

हालांकि बढ़ते जलस्तर के सामने ये इंतजाम पर्याप्त साबित नहीं हो रहे। कई घर पहले ही पानी में डूब चुके हैं और परिवारों का पूरा ध्यान अब जरूरी सामान बचाने और सुरक्षित जगह पहुंचने पर है।

Dinman Times ads 728-90

लेटे हनुमान और हनुमंत धाम तक पहुंचा गोमती का पानी

बाढ़ का असर सिर्फ रिहायशी इलाकों तक सीमित नहीं रहा। गोमती नदी का पानी लेटे हनुमान मंदिर और हनुमंत धाम मंदिर के आसपास तक पहुंच गया है। हनुमान मंदिर परिसर में भी पानी पहुंचने की पुष्टि हुई है।

प्लासियो मॉल के पास एक नाले में भी बाढ़ का पानी पहुंच गया। इसके बाद लखनऊ नगर निगम और LDA की टीमें मौके पर पहुंचीं। पानी की बैकफ्लो रोकने के लिए नाले को बंद किया गया और पानी निकालने के लिए पंप लगाए गए।

एमार गोमती ग्रीन्स सोसाइटी के पास स्थित नाले तक भी पानी पहुंच गया है। यहां पास में बिजली का सब-स्टेशन होने से सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

फैजुल्लागंज में पंप, फॉगिंग और ड्रोन से एंटी-लार्वा छिड़काव

जलभराव के बाद मच्छरों और बीमारियों का खतरा देखते हुए नगर निगम ने भी काम तेज किया है। फैजुल्लागंज में पानी निकालने के लिए छह पंपसेट लगाए गए हैं। मच्छरों की रोकथाम के लिए ड्रोन से एंटी-लार्वा का छिड़काव कराया जा रहा है।

Dinman Times ads 728-90

प्रभावित लोगों के लिए भोजन और स्वच्छ पेयजल, मोबाइल शौचालय और रात में ठहरने की व्यवस्था भी की जा रही है। इंजीनियरिंग कॉलेज चौराहा, पलटन छावनी, उमराव हाता और दाऊदनगर के ट्रांजिट हॉस्टल में रैन बसेरों की व्यवस्था की जा रही है। शेल्टर होम में मोबाइल चार्जिंग की सुविधा भी शुरू की गई है।

दाऊद नगर में कंट्रोल रूम, रात में पुलिस गश्त

प्रभावित इलाकों में निगरानी के लिए दाऊद नगर में अतिरिक्त कंट्रोल रूम बनाने की व्यवस्था की गई है। रात में पुलिस गश्त भी बढ़ाई गई है, ताकि पानी में घिरे इलाकों में किसी परिवार को अचानक मदद की जरूरत पड़े तो तत्काल कार्रवाई की जा सके।

प्रशासन ने गर्भवती महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को प्राथमिकता के आधार पर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। घर-घर राहत सामग्री पहुंचाने और जरूरतमंद परिवारों तक मेडिकल सहायता पहुंचाने की भी व्यवस्था की गई है।

फैजुल्लागंज से नैमिष तक बनेगा करीब 40 किमी लंबा तटबंध

बाढ़ से स्थायी बचाव के लिए मुख्यमंत्री ने फैजुल्लागंज से नैमिष तक करीब 40 किलोमीटर लंबे तटबंध के निर्माण की घोषणा की है। इसके लिए सिंचाई विभाग को गोमती किनारे सर्वे कर प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। तटबंध के बाहर बारिश का पानी जमा न हो, इसके लिए पंपिंग सेट लगाने की योजना भी बताई गई है।

Dinman Times ads 728-90

मुख्यमंत्री ने राहत शिविरों में गए परिवारों के खाली घरों की सुरक्षा के लिए पुलिस, होमगार्ड, पीआरडी और चौकीदारों की रात में गश्त के निर्देश दिए हैं। स्वास्थ्य केंद्रों पर एंटी-स्नेक वेनम और एंटी-रेबीज इंजेक्शन उपलब्ध रखने तथा मेडिकल और पशु चिकित्सा शिविर लगाने के निर्देश भी दिए गए हैं।

फैजुल्लागंज और दाऊद नगर में बिजली आपूर्ति प्रभावित

बाढ़ का असर बिजली व्यवस्था पर भी पड़ा है। फैजुल्लागंज और दाऊद नगर में कई जगह पानी पहुंचने के बाद कई ट्रांसफॉर्मर बंद कर दिए गए।

बिजली आपूर्ति सुरक्षा कारणों से बंद की गई है, ताकि पानी और विद्युत उपकरणों के संपर्क से किसी हादसे का खतरा न रहे। ऐसे में प्रभावित परिवारों के सामने पीने का पानी, बिजली, आने-जाने की सुविधा और सुरक्षित निकासी जैसी कई परेशानियां एक साथ खड़ी हैं।

गोमती का जलस्तर बढ़ने के बीच प्रशासन राहत और निकासी अभियान चला रहा है, लेकिन निचले इलाकों में बड़ी संख्या में परिवार अब भी बाढ़ के असर से जूझ रहे हैं।

Dinman Times ads 728-90
TAGGED:Gomti RiverLucknow Floodगोमती नदीलखनऊ बाढ़
ख़बर साझा करें
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram Email Print
पिछली ख़बर ममता बनर्जी के 2021 मेडिकल रिकॉर्ड पर विवाद और कानूनी नोटिस ममता बनर्जी के 2021 मेडिकल रिकॉर्ड सार्वजनिक होने पर घमासान, वकील ने SSKM और बंगूर इंस्टीट्यूट को भेजा कानूनी नोटिस
अगली ख़बर पैठना टोल प्लाजा पर बस मालिकों का विरोध प्रदर्शन पैठना टोल प्लाजा पर बस मालिकों का चक्का जाम, अधिक टैक्स वसूली के विरोध में प्रदर्शन; यात्रियों को हुई परेशानी
Google prefered

गूगल पर फेवरेट बनाएँ

ये भी पढ़ें

बांका में राज्यस्तरीय वॉलीबॉल प्रतियोगिता शुरू, 30 टीमें

बांका में राज्यस्तरीय विद्यालय वॉलीबॉल प्रतियोगिता शुरू, नौ प्रमंडलों की 30 टीमें मैदान में

गया में सर्पदंश से पति-पत्नी की मौत, चार बच्चे अनाथ

सर्पदंश ने उजाड़ा परिवार, पति के बाद पत्नी की भी मौत; चार बच्चे हुए अनाथ

एरिक बाउजा

‘बग्स बनी’ और ‘डैफी डक’ की आवाज रहे एरिक बाउजा का 46 वर्ष की उम्र में निधन

Abhishek Sharma ODI: मोहम्मद कैफ ने बताया बड़ा संकेत

Abhishek Sharma ODI के लिए तैयार? मोहम्मद कैफ ने बताया बड़ा कारण

Microsoft VEO: कर्मचारियों को मिल सकता है 11 लाख तक फायदा

Microsoft का बड़ा VEO ऑफर, कर्मचारियों को मिल सकता है 11 लाख तक का फायदा

Dinman Ads

Get Connected with us on social networks

Facebook-f X-twitter Instagram Youtube Linkedin-in

Poppular Categories

  • बिहार
  • देश
  • अपराध
  • राजनीति
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • विदेश
  • खेल
  • टेक्नोलॉजी
  • बिज़नेस

Download APP

Google-play Apple
  • About us
  • Privacy Policy
  • Terms and Condition
  • Cookies Policy
  • Contact us
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?