Bihar Weather: बिहार में अक्टूबर की शुरुआत में मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। फिलहाल राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम सामान्य रहने का अनुमान है, लेकिन 6 अक्टूबर से बारिश, गरज-चमक और वज्रपात की गतिविधियां बढ़ने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के उपलब्ध पूर्वानुमान के अनुसार 7 और 8 अक्टूबर को आंधी-वज्रपात की चेतावनी भी है।
आज बिहार में कैसा रहेगा मौसम?
4 अक्टूबर 2026 के लिए बिहार में मौसम विभाग की ओर से कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है। राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम मुख्य रूप से सामान्य रहने की संभावना है। हालांकि, कुछ इलाकों में बादलों की आवाजाही और स्थानीय स्तर पर मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।
दिन के समय धूप और उमस का असर महसूस हो सकता है, जबकि सुबह और रात के तापमान में अपेक्षाकृत राहत मिल सकती है।
6 अक्टूबर से फिर सक्रिय होगा बारिश का दौर
मौसम पूर्वानुमान के मुताबिक 6 अक्टूबर से बिहार के कई हिस्सों में मौसम बदल सकता है। इस दौरान कुछ जिलों में बारिश के साथ मेघगर्जन और बिजली चमकने की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।

6 अक्टूबर के लिए जिन जिलों में मौसम खराब होने की संभावना बताई गई है, उनमें पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, गोपालगंज, सीवान, सारण, बक्सर, भोजपुर, अरवल, जहानाबाद, पटना, नालंदा, शेखपुरा, बेगूसराय, लखीसराय, नवादा, गया, औरंगाबाद, रोहतास और कैमूर शामिल हैं।
7 और 8 अक्टूबर को बढ़ सकती है मौसम की गतिविधि
मौसम विभाग के ताजा उप-विभागीय पूर्वानुमान में 7 और 8 अक्टूबर को बिहार में गरज-चमक और वज्रपात से जुड़ी गतिविधियों की चेतावनी दर्ज है। इससे संकेत मिलता है कि अगले कुछ दिनों में राज्य के मौसम में अस्थिरता बढ़ सकती है।
पूर्वानुमान के अनुसार 7 अक्टूबर को बिहार के ज्यादातर हिस्सों में मौसम प्रभावित हो सकता है, जबकि सीमांचल और पूर्वी बिहार के कुछ इलाकों में स्थिति अपेक्षाकृत सामान्य रह सकती है। 8 अक्टूबर को भी कई जिलों में बारिश और वज्रपात की संभावना बनी रहने का अनुमान है।
पटना में भी बदल सकता है मौसम
राजधानी पटना में फिलहाल मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है। हालिया मौसम अपडेट में पटना का अधिकतम तापमान करीब 33.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम में बदलाव के साथ आने वाले दिनों में हल्की बारिश और तेज हवा की गतिविधि देखने को मिल सकती है।

क्यों बदल रहा है बिहार का मौसम?
मौसम में बदलाव के पीछे बंगाल की खाड़ी में बन रही मौसम प्रणाली और आसपास के क्षेत्रों में बने चक्रवाती परिसंचरण को प्रमुख कारणों में माना जा रहा है। इन मौसमी प्रणालियों के प्रभाव से पूर्वी भारत के कुछ हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
मानसून की वापसी के दौर में भी बिहार में कुछ दिनों तक बारिश और गरज-चमक का सिलसिला देखने को मिल सकता है।
तेज हवा और वज्रपात के दौरान सावधानी जरूरी
बारिश के साथ बिजली गिरने और तेज हवाओं की संभावना को देखते हुए लोगों को मौसम विभाग के स्थानीय अलर्ट पर नजर रखनी चाहिए। आंधी या बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, पेड़, बिजली के खंभों और कमजोर संरचनाओं के पास खड़े होने से बचना सुरक्षित रहेगा।
किसानों को भी मौसम का पूर्वानुमान देखकर खेतों से जुड़े जरूरी काम की योजना बनाने की सलाह दी जाती है।

