सेक्टर-125 में एमिटी यूनिवर्सिटी के पास लगी आग, छह दमकल गाड़ियों ने संभाला मोर्चा; मृतक की पहचान और आग लगने की वजह की जांच जारी
नोएडा। उत्तर प्रदेश के नोएडा में शनिवार, 24 अक्टूबर को सेक्टर-125 में एमिटी यूनिवर्सिटी के पास दुकानों में भीषण आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग की चपेट में पांच अस्थायी दुकानें आने की सूचना है। हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई। आग बुझाने के लिए दमकल की छह गाड़ियां मौके पर लगाई गईं। पुलिस के मुताबिक, राहत एवं बचाव अभियान के दौरान एक व्यक्ति बेहोशी की हालत में मिला था। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
घटना सेक्टर-126 थाना क्षेत्र के रायपुर गांव में हुई। आग लगने के बाद आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया। दमकलकर्मियों ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का अभियान चलाया। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की।
दुकानों में सिलेंडर फटने की सूचना, इलाके में मची दहशत
घटनास्थल से मिली शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, एमिटी यूनिवर्सिटी के बाहर स्थित दुकानों में आग फैल गई। कुछ रिपोर्टों में कई एलपीजी सिलेंडरों में विस्फोट होने की जानकारी दी गई है। धमाकों और आग की लपटों से आसपास मौजूद लोगों में दहशत फैल गई।

दमकलकर्मियों ने आग पर काबू पाने के लिए अभियान चलाया। दुकानों को खाली कराने और आसपास के लोगों को सुरक्षित दूरी पर रखने की भी जानकारी सामने आई है। हालांकि, सिलेंडरों में विस्फोट की पूरी परिस्थितियों और आग फैलने के क्रम की आधिकारिक जांच के निष्कर्ष अभी सामने नहीं आए हैं।
बेहोशी की हालत में मिला व्यक्ति, अस्पताल में मौत
पुलिस के अनुसार, आग बुझाने के अभियान के दौरान एक व्यक्ति बेहोशी की हालत में मिला। उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके। फिलहाल मृतक की पहचान से जुड़ी जानकारी स्पष्ट नहीं है।
हादसे में किसी अन्य व्यक्ति के घायल होने की पुष्टि उपलब्ध रिपोर्टों में स्पष्ट रूप से नहीं हुई है। प्रशासन की ओर से नुकसान और प्रभावित दुकानों की स्थिति का विस्तृत आकलन भी सामने आना बाकी है।
आग लगने की वजह अभी स्पष्ट नहीं
आग लगने के वास्तविक कारण का अभी आधिकारिक तौर पर पता नहीं चल पाया है। शुरुआती रिपोर्टों में गैस सिलेंडरों में विस्फोट का जिक्र है, जबकि कुछ स्थानीय रिपोर्टों में शॉर्ट सर्किट की आशंका भी जताई गई है। हालांकि, जांच पूरी होने से पहले किसी एक कारण को अंतिम रूप से जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं होगा।

पुलिस और संबंधित विभाग घटना से जुड़े तथ्यों की जांच कर रहे हैं। आग लगने के कारण, मृतक की पहचान और दुकानों को हुए नुकसान के बारे में विस्तृत जानकारी जांच के बाद सामने आने की उम्मीद है।
