पितरों के तर्पण और पिंडदान के लिए देशभर से पहुंच रहे श्रद्धालु; धर्मारण्य, मतंग बापी और सरस्वती वेदी पर सुबह से कर्मकांड, जिला प्रशासन ने जारी किया आंकड़ा
गया जी। मोक्ष की नगरी गया जी में चल रहा पितृपक्ष मेला धीरे-धीरे गति पकड़ने लगा है। पितरों के मोक्ष की कामना के साथ देश के विभिन्न राज्यों से श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला जारी है।
पवित्र पिंड वेदियों पर श्रद्धालु अपने पूर्वजों के निमित्त श्रद्धा और विधि-विधान के साथ तर्पण एवं पिंडदान कर रहे हैं।
मेले में पहुंच रहे श्रद्धालु गया जी में की गई व्यवस्थाओं की सराहना कर रहे हैं। यहां से वे बिहार की सांस्कृतिक और धार्मिक छवि को अपने साथ लेकर लौट रहे हैं।
चौथे दिन धर्मारण्य और सरस्वती वेदी पर उमड़ी भीड़
पितृपक्ष मेले के चौथे दिन मंगलवार को बोधगया स्थित मतंग बापी, धर्मारण्य और सरस्वती वेदी पर तर्पण एवं पिंडदान का कर्मकांड किया गया। इन पिंड वेदियों पर सुबह से ही हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते रहे।
खुले मैदान में श्रद्धालुओं द्वारा पिंडदान और तर्पण किया जा रहा है। वहीं, देवघाट पर तर्पण और विष्णुपद मंदिर में पिंडदान के लिए भी श्रद्धालुओं की भीड़ जुट रही है।
आठ लाख से अधिक श्रद्धालुओं के पहुंचने का दावा
गया जी में श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ के बीच जिला प्रशासन ने मेले में आने वाले लोगों की संख्या को लेकर आंकड़ा जारी किया है। प्रशासन की ओर से मंगलवार से पहले जारी बुलेटिन में अब तक आठ लाख से अधिक श्रद्धालुओं के गया जी पहुंचने का दावा किया गया है।
पितृपक्ष मेले के आगे बढ़ने के साथ श्रद्धालुओं की संख्या में और वृद्धि होने की संभावना है। देश के विभिन्न प्रांतों से पहुंच रहे श्रद्धालु अपने पितरों के निमित्त धार्मिक अनुष्ठान कर रहे हैं।
पितरों के प्रति आस्था का दिख रहा संगम
गया जी के पवित्र पिंड स्थलों पर उमड़ रही भीड़ पितरों के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था को दर्शा रही है। तर्पण और पिंडदान के लिए अलग-अलग वेदियों पर पहुंच रहे श्रद्धालु अपने पूर्वजों के निमित्त धार्मिक कर्मकांड कर रहे हैं।
पितृपक्ष मेले में बढ़ती रौनक के साथ गया जी में देशभर से आए श्रद्धालुओं की आवाजाही जारी है। धार्मिक अनुष्ठानों के बीच श्रद्धालु यहां की व्यवस्थाओं और आतिथ्य की सराहना करते हुए बिहार की छवि को अपने साथ संजो रहे हैं।