संवाद सहयोगी, जमुई: वर्षा का मौसम आते ही जिले में सर्पदंश की घटनाएं बढ़ जाती हैं। खेतों और बिलों में पानी भरने के कारण सांप सुरक्षित ठिकाने की तलाश में रिहायशी इलाकों की ओर पहुंच रहे हैं। खासकर रात के समय घरों में घुसने वाले जहरीले करैत सांप लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रहे हैं।
इस मौसम में अब तक जिले में सर्पदंश से एक दर्जन से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। ताजा मामला सोनो थाना क्षेत्र के ठाकुर अहरा गांव का है, जहां सोए अवस्था में करैत सांप ने दो सगी बहनों को डंस लिया। उपचार के लिए सदर अस्पताल लाने के दौरान छोटी बहन की मौत हो गई।
मृत बच्ची की पहचान ठाकुर अहरा गांव निवासी अनिल यादव की आठ वर्षीय पुत्री प्रियांशु कुमारी के रूप में हुई है। वहीं उसकी 11 वर्षीय बड़ी बहन प्रियंका कुमारी भी सर्पदंश की शिकार हुई है और उसका उपचार कराया जा रहा है।
बताया जाता है कि दोनों बहनें रात में घर में सो रही थीं। इसी दौरान जहरीले करैत सांप ने दोनों को डंस लिया। कुछ समय बाद बच्चियों की तबीयत बिगड़ने लगी तो स्वजन चिंतित हो उठे। आनन-फानन में दोनों को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। लेकिन, छोटी बच्ची की हालत गंभीर होती चली गई और सदर अस्पताल पहुंचने के दौरान रास्ते में उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद स्वजनों में कोहराम मच गया है। मासूम बच्ची की असमय मौत से पूरे गांव में शोक का माहौल है।
जमुई : वर्षा के दिनों में बढ़ जाता है सर्पदंश का खतरा
वर्षा के दिनों में जिले के ग्रामीण इलाकों में सर्पदंश की घटनाएं हर वर्ष बढ़ जाती हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, इस मौसम में लोगों को रात में जमीन पर सोने से बचना चाहिए और घर के आसपास साफ-सफाई रखने के साथ सांप दिखाई देने पर सावधानी बरतनी चाहिए।
समय पर अस्पताल पहुंचना सर्पदंश पीड़ित की जान बचाने के लिए सबसे जरूरी माना जाता है।