पटना शिक्षक एवं पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के द्विवार्षिक चुनाव को लेकर प्रशासन अलर्ट, मतगणना पदाधिकारियों के लिए 10 और 16 अक्टूबर को प्रशिक्षण; डीएम कुंदन कुमार ने दिए गंभीरता से तैयारी पूरी करने के निर्देश
Patna , 09 अक्टूबर 2026। बिहार विधान परिषद के पटना शिक्षक एवं पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के द्विवार्षिक चुनाव को निष्पक्ष, पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए पटना जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े पदाधिकारियों और कर्मियों को प्रशिक्षित करने के लिए अलग-अलग प्रशिक्षण कार्यक्रम निर्धारित किए गए हैं।
इसमें मतदान पदाधिकारियों, माइक्रो ऑब्जर्वर, मतगणना पदाधिकारियों, संग्रहण दल के कर्मियों और वीडियोग्राफर-कैमरा मैन को उनके दायित्वों तथा निर्वाचन संबंधी प्रक्रियाओं की जानकारी दी जाएगी।
सहायक निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिला पदाधिकारी, पटना कुंदन कुमार ने संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों को निर्धारित प्रशिक्षण कार्यक्रमों में पूरी गंभीरता, सजगता और सूक्ष्मता के साथ भाग लेने का निर्देश दिया है।

प्रशासन का जोर इस बात पर है कि निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े प्रत्येक कर्मी को अपने कार्य, जिम्मेदारियों और निर्धारित दिशा-निर्देशों की स्पष्ट जानकारी हो, ताकि चुनाव के दौरान किसी तरह की प्रक्रियागत चूक की आशंका को कम किया जा सके।
शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनाव में मतदान से लेकर मतगणना और निर्वाचन सामग्री के संग्रहण तक कई महत्वपूर्ण प्रक्रियाएं शामिल होती हैं। ऐसे में चुनावी ड्यूटी में तैनात कर्मियों का प्रशिक्षित होना निर्वाचन व्यवस्था का अहम हिस्सा है। जिला प्रशासन ने इसी उद्देश्य से विभिन्न श्रेणियों के कर्मियों के लिए प्रशिक्षण की तारीखें तय की हैं।
21 अक्टूबर को मतदान पदाधिकारियों और माइक्रो ऑब्जर्वर का प्रशिक्षण
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, मतदान पदाधिकारियों एवं माइक्रो ऑब्जर्वर के द्वितीय चरण का प्रशिक्षण 21 अक्टूबर 2026 को आयोजित किया जाएगा। यह प्रशिक्षण पटना समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में होगा। मतदान प्रक्रिया के संचालन में मतदान पदाधिकारियों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है, जबकि माइक्रो ऑब्जर्वर को निर्वाचन प्रक्रिया पर नजर रखने की जिम्मेदारी दी जाती है।
प्रशिक्षण का उद्देश्य संबंधित कर्मियों को निर्वाचन संबंधी प्रक्रियाओं और उनके दायित्वों के प्रति पूरी तरह सजग बनाना है। चुनाव के दौरान निर्धारित नियमों का पालन, कार्यों का समन्वय और जिम्मेदारियों का सही तरीके से निर्वहन निर्वाचन व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण होता है।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि प्रशिक्षण को केवल औपचारिकता के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। सभी संबंधित कर्मियों को निर्धारित समय पर उपस्थित होकर प्रशिक्षण में गंभीरता से भाग लेना होगा, ताकि निर्वाचन कार्य के दौरान उन्हें अपनी जिम्मेदारियों के निर्वहन में कठिनाई नहीं हो।
10 और 16 अक्टूबर को मतगणना पदाधिकारियों की ट्रेनिंग
मतगणना की प्रक्रिया को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए मतगणना पदाधिकारियों का प्रशिक्षण 10 अक्टूबर और 16 अक्टूबर 2026 को निर्धारित किया गया है। दोनों प्रशिक्षण कार्यक्रम पटना समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में आयोजित होंगे।
मतगणना निर्वाचन प्रक्रिया का अत्यंत महत्वपूर्ण चरण है। इस दौरान निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन, कार्यों में सावधानी और संबंधित पदाधिकारियों के बीच समन्वय आवश्यक होता है। इसलिए मतगणना से जुड़े कर्मियों को पहले से प्रशिक्षित करना प्रशासनिक तैयारियों का अहम हिस्सा है।
जिला प्रशासन की ओर से निर्धारित तारीखों पर प्रशिक्षण आयोजित किए जाने से संबंधित पदाधिकारियों को निर्वाचन कार्य की प्रक्रिया और अपनी जिम्मेदारियों को समझने का अवसर मिलेगा। इससे चुनाव के विभिन्न चरणों में निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप काम करने में मदद मिलेगी।

संग्रहण दल के कर्मियों को भी दिया जाएगा प्रशिक्षण
निर्वाचन प्रक्रिया में इस्तेमाल होने वाली सामग्री के संग्रहण और उससे संबंधित कार्यों को व्यवस्थित तरीके से पूरा करने के लिए संग्रहण दल के कर्मियों का प्रशिक्षण भी निर्धारित किया गया है। यह प्रशिक्षण 21 अक्टूबर 2026 को पटना समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में आयोजित होगा।
निर्वाचन से जुड़ी सामग्री के प्रबंधन में सावधानी और निर्धारित प्रक्रिया का पालन महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में संग्रहण दल के कर्मियों को उनके कार्यों और जिम्मेदारियों की जानकारी देना आवश्यक है। प्रशिक्षण के माध्यम से उन्हें निर्वाचन संबंधी कार्यों को व्यवस्थित रूप से संपन्न करने के लिए तैयार किया जाएगा।
वीडियोग्राफर और कैमरामैन की भी होगी ट्रेनिंग
चुनाव संबंधी गतिविधियों के रिकॉर्ड और दस्तावेजीकरण से जुड़े वीडियोग्राफर एवं कैमरामैन के लिए भी प्रशिक्षण कार्यक्रम तय किया गया है। इन कर्मियों का प्रशिक्षण 21 अक्टूबर 2026 को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में आयोजित किया जाएगा।
निर्वाचन प्रक्रिया में संबंधित गतिविधियों का निर्धारित तरीके से रिकॉर्ड तैयार करना महत्वपूर्ण हो सकता है। इस जिम्मेदारी से जुड़े कर्मियों को प्रशिक्षण देने का उद्देश्य उन्हें उनके कार्यों और निर्धारित प्रक्रियाओं के प्रति स्पष्ट जानकारी उपलब्ध कराना है।

इस प्रकार जिला प्रशासन ने निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़ी अलग-अलग जिम्मेदारियों के अनुसार प्रशिक्षण कार्यक्रम तैयार किया है, ताकि सभी संबंधित कर्मियों को उनके कार्यों के अनुरूप जानकारी दी जा सके।
निष्पक्ष और सुचारू चुनाव पर प्रशासन का जोर
सहायक निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिला पदाधिकारी कुंदन कुमार ने निर्वाचन कार्य को महत्वपूर्ण और संवेदनशील दायित्व बताते हुए सभी संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों को प्रशिक्षण में पूरी गंभीरता बरतने का निर्देश दिया है। उन्होंने निर्वाचन प्रक्रिया के प्रत्येक चरण की स्पष्ट समझ और निर्धारित दिशा-निर्देशों के अक्षरशः अनुपालन की आवश्यकता पर जोर दिया है।
पटना शिक्षक एवं पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के द्विवार्षिक चुनाव के लिए निर्धारित प्रशिक्षण कार्यक्रम जिला प्रशासन की तैयारियों का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। मतदान पदाधिकारियों से लेकर मतगणना कर्मियों और वीडियोग्राफर तक को प्रशिक्षित करने की व्यवस्था से निर्वाचन कार्यों में समन्वय और प्रक्रियागत स्पष्टता सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।
फिलहाल जिला प्रशासन की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार, मतगणना पदाधिकारियों का प्रशिक्षण 10 और 16 अक्टूबर को तथा मतदान पदाधिकारियों, माइक्रो ऑब्जर्वर, संग्रहण दल के कर्मियों और वीडियोग्राफर-कैमरा मैन का प्रशिक्षण 21 अक्टूबर को आयोजित किया जाएगा।

इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों में संबंधित कर्मियों की भागीदारी और निर्वाचन दिशा-निर्देशों की समझ चुनावी तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण होगी।
