Patna: बिहार की राजधानी पटना में एसएसबी कमांडेंट की मां को घर में बंधक बनाकर डकैती करने के मामले में एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। एनटीपीसी थाना क्षेत्र में हुई इस वारदात की जांच के दौरान एसटीएफ ने दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान सन्नी कुमार उर्फ सिप्पी और उसके सहयोगी शिवम कुमार के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों के पास से करीब पांच ग्राम सोना भी बरामद किया है।
पुलिस के अनुसार, बरामद सोने की अनुमानित कीमत करीब एक लाख रुपये बताई जा रही है। फिलहाल जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि बरामद सोना उसी डकैती के दौरान लूटे गए आभूषणों का हिस्सा है या नहीं।
11 सितंबर को हुई थी वारदात
मामला एनटीपीसी थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर गांव का है। बीते 11 सितंबर को अपराधियों ने एसएसबी कमांडेंट की मां को घर में बंधक बना लिया था। इसके बाद बदमाशों ने घर में रखे सोने के आभूषण और अन्य कीमती सामान पर हाथ साफ किया और मौके से फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। वारदात की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अपराधियों की पहचान और उनकी गतिविधियों के बारे में जानकारी जुटानी शुरू की।
जांच में सामने आया सन्नी का नाम
जांच के दौरान पुलिस को वारदात में पंडारक थाना क्षेत्र के सैदपुरा निवासी सन्नी कुमार उर्फ सिप्पी की कथित संलिप्तता का सुराग मिला। इसके बाद पुलिस ने उसकी गतिविधियों पर नजर रखनी शुरू की।
जांच आगे बढ़ने पर सन्नी के एक सहयोगी के तौर पर बाढ़ के वाजिदपुर स्टेशन रोड निवासी शिवम कुमार का नाम सामने आया। शिवम के बारे में बताया गया है कि वह ज्वेलरी की दुकान चलाता है।
इसके बाद एसटीएफ ने दोनों आरोपितों की गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाई और उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
पांच ग्राम सोना बरामद, जांच जारी
गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपितों से पूछताछ की गई। पुलिस को पूछताछ के दौरान मिली जानकारी और बरामद सोने के आधार पर अब डकैती की पूरी कड़ी जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि बरामद करीब पांच ग्राम सोना 11 सितंबर की वारदात में लूटे गए आभूषणों का हिस्सा है या नहीं। इसके लिए अन्य साक्ष्यों और मामले से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।
अन्य आपराधिक मामलों की भी पड़ताल
एसटीएफ और पुलिस दोनों गिरफ्तार आरोपितों के आपराधिक इतिहास को भी खंगाल रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि दोनों का पहले भी किसी आपराधिक घटना से संबंध रहा है या नहीं।
फिलहाल दोनों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ और बरामदगी के आधार पर इस डकैती मामले से जुड़े अन्य लोगों और लूटे गए सामान के संबंध में भी महत्वपूर्ण जानकारी सामने आ सकती है। मामले की जांच जारी है।